सोनारपुर में हिंसा पीड़ितों से मुलाकात के दौरान टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी पर हमले के मामले ने तूल पकड़ लिया है। टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने इसे लेकर भाजपा को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने बिना नाम लिए भाजपा सरकार को 'हत्यारे' की संज्ञा देते हुए कहा कि शासक हत्यारे बन चुके हैं। वहीं, भाजपा ने इन आरोपों को खारिज किया है। पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने कहा कि अंडे फेंकने और मारपीट की घटना में भाजपा का कोई हाथ नहीं है।
क्या बोलीं ममता बनर्जी?
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को सोनारपुर में पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हुए आरोप लगाया कि इस घटना के पीछे भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का हाथ है। ममता बनर्जी ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ’एक्स’ पर कहा कि शासक हत्यारे बन गए हैं, भाजपा को शर्म आनी चाहिए। कथित हमले का वीडियो सामने आने के तुरंत बाद पूर्व मुख्यमंत्री की यह टिप्पणी आई।
भाजपा ने आरोपों को किया खारिज
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले पर प्रतिक्रिया देते हुए पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने कहा कि अंडे फेंकने और मारपीट की घटना में भाजपा का कोई हाथ नहीं है। लोग जानते हैं कि टीएमसी ने पिछले 15 वर्षों से राज्य में कैसे शासन किया है। पुलिस और अधिकारियों को चुनाव के बाद हुई हिंसा से प्रभावित परिवारों की देखभाल करनी चाहिए, टीएमसी को उनके पास जाकर इस पर टिप्पणी करने का कोई नैतिक या राजनीतिक अधिकार नहीं है।
सुकांत मजूमदार बोले- हमें बंगाल को सुधारना होगा
वहीं, केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार ने इस घटना की कड़ी निंदा की। उन्होंने जनता से अपील करते हुए कहा कि वे कानून-व्यवस्था अपने हाथ में न लें। सुकांत मजूमदार ने कहा कि बंगाल की जनता टीएमसी और अभिषेक बनर्जी के खिलाफ गुस्से में है। हमें बंगाल को सुधारना होगा। हमें बंगाल की राजनीति को हिंसा मुक्त बनाना होगा। मैं जनता से शांति बनाए रखने और कानून-व्यवस्था पर भरोसा रखने की अपील करता हूं।
TMC सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले को लेकर भाजपा नेता शहज़ाद पूनावाला ने कहा कि हमने दिल्ली में देखा है कि दिल्ली के नेता जो पूर्व में मुख्यमंत्री रहे थे वे खुद पर हमला कराते थे। उन्हें पुलिस की कार्रवाई करानी चाहिए। पुलिस ने बचाव किया। यह आत्मचिंतन का विषय बनता है कि ऐसा हमने क्या किया कि वे जहां जाए लोग उन्हें चोर कहकर पुकारे। कानून को किसी को हाथ में लेना नहीं चाहिए।
मल्लिकार्जुन खरगे ने दी ये प्रतिक्रिया
वहीं, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि राज्य में चुनाव के बाद हुई हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलने गए सांसद अभिषेक बनर्जी पर सोनारपुर में हुए भयावह हमले की मैं कड़ी निंदा करता हूं। एक प्रमुख विपक्षी नेता को जानबूझकर पर्याप्त पुलिस सुरक्षा न देना भाजपा की प्रतिशोध और उत्पीड़न की राजनीति का स्पष्ट प्रमाण है।
खरगे ने ’एक्स’ पर कहा कि केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को सभी विपक्षी नेताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए और ऐसे हमलों को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाने चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि राजनीतिक मतभेद किसी भी प्रकार की हिंसा को कभी भी उचित नहीं ठहरा सकते।
मणिकम टैगोर ने ओम बिरला से की मांग
लोकसभा में कांग्रेस के सचेतक मणिकम टैगोर ने भी अभिषेक बनर्जी पर हुए ’हमले’ की निंदा की और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से इस मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि राज्य में चुनाव के बाद हुई हिंसा से प्रभावित परिवारों से मिलने गए सांसद अभिषेक बनर्जी पर सोनारपुर में हुए इस भयावह हमले की मैं कड़ी निंदा करता हूं।
तृणमूल सांसद अभिषेक बनर्जी पर हमला 'घोर निंदनीय': अखिलेश
समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए ’हमले’ की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि भाजपा नफरत भरी नकारात्मक हिंसक राजनीति के सिवा और कुछ नहीं कर सकती है।
यादव ने एक्स पर लिखा कि बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के बड़े नेता अभिषेक बनर्जी के ऊपर जानलेवा हमला करवाकर बंगाल की अराजक भाजपा सरकार ने साबित कर दिया है कि भाजपा नफरत भरी नकारात्मक हिंसक राजनीति के सिवा और कुछ नहीं कर सकती है।
टीएमसी नेता ओ'ब्रायन का अमित शाह से सवाल
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के राज्यसभा सदस्य डेरेक ओ’ब्रायन ने शनिवार को पार्टी नेता और लोकसभा सदस्य अभिषेक बनर्जी पर हुए ’हमले’ के बाद पश्चिम बंगाल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से जवाब मांगा है।
टीएमसी नेता ने आरोप लगाया कि मतगणना के दिन अभिषेक बनर्जी की सुरक्षा हटा ली गई थी और उन्होंने इस घटना को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से स्पष्टीकरण मांगा। उन्होंने कहा कि बंगाल में अब क्या हो रहा है? दूसरी सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी तृणमूल कांग्रेस के लोकसभा में नेता चुनाव बाद हुई हिंसा में भाजपा द्वारा मारे गए एक व्यक्ति के परिवार से मिलने गए थे। अभिषेक पर कुछ भाजपा समर्थकों ने हमला किया और उन्हें पीटा। जान को खतरा है। पुलिस कहां है? मतगणना के दिन सुरक्षा क्यों हटा ली गई थी? गृह मंत्री को जवाब देना चाहिए।
कहां हुआ अभिषेक बनर्जी पर हमला
पुलिस के मुताबिक, अभिषेक बनर्जी चुनाव के बाद हुई हिंसा के पीड़ितों के परिवारों से मिलने दक्षिण 24 परगना के सोनारपुर इलाके में गए थे, जहां स्थानीय लोगों ने उनके साथ मारपीट की। अज्ञात लोगों ने सांसद पर पत्थर, जूते व अंडे फेंके और उन्हें लात-घूंसे मारने की कोशिश भी की। इस दौरान लोग अभिषेक को देखकर ’चोर-चोर’ के नारे लगा रहे थे। वीडियो में प्रदर्शनकारी तृणमूल महासचिव को निशाना बनाते दिख रहे हैं। तृणमूल नेताओं ने आरोप लगाया कि यह घटना राजनीतिक रूप से प्रेरित थी। उन्होंने भाजपा पर अभिषेक बनर्जी की यात्रा को बाधित करने के लिए इस हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया।
