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राहुल गांधी का आरोप 'सरकार नहीं चाहती कि विपक्ष विदेशी मेहमानों से मिले', प्रियंका गांधी ने भी बोला हमला

कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया है कि वह विपक्ष को विदेशी मेहमानों से मिलने नहीं देना चाहते हैं। प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी इस बात को लेकर सरकार पर हमला बोला है। राहुल गांधी ने इसे सरकार की तरफ से असुरक्षा की भावना करार दिया है।

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विदेशी मेहमानों से नहीं मिलने देती सरकार - राहुल गांधी

कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाया है। उनका कहना है कि सरकार उन्हें यानी विपक्ष को विदेशी मेहमानों से मिलने नहीं देती। राहुल गांधी ने कहा कि विपक्ष एक अलग परिप्रेक्ष्य पेश करता है, आखिर हम भी देश का प्रतिनिधित्व करते हैं। लेकिन सरकार विपक्ष को विदेश मेहमानों से नहीं मिलने देना चाहती है। यह कुछ और नहीं बल्कि असुरक्षा की भावना है।

बता दें कि आज यानी गुरुवार 4 दिसंबर को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अपनी दो दिवसीय भारत यात्रा पर दिल्ली पहुंच रहे हैं। इस दौरान दोनों देशों के बीच कई मुद्दों पर चर्चा होगी। लेकिन राहुल गांधी ने उन्हें विदेशी मेहमानों से नहीं मिलने देने की बात कहकर एक बड़ा मुद्दा उठा दिया है। राहुल गांधी की बहन और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी ने भी नेता प्रतिपक्ष को विदेशी मेहमानों से नहीं मिलने देने को लेकर सरकार पर हमला बोला है।

रूसी राष्ट्रपति के भारत दौरे में रूस की तरफ से भारत को Su-57 स्टेल्थ फाइटर का प्रस्ताव मुख्य चर्चा का हिस्सा हो सकता है। रूस की तरफ से भारत को Su-57 के लिए टेक्नॉलॉजी ट्रांसफर और भारत में निर्माण की सुविधा देने की भी पेशकश है। हालांकि, किसी बड़े समझौते की तुरंत संभावना कम ही है, लेकिन यह बातचीत भारत की भविष्य की एयर-पावर जरूरतों—स्टेल्थ तकनीक, लंबी रेंज और 5वीं पीढ़ी की क्षमताओं को देखते काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। Su-57 को भारत के लिए एक लंबी अवधि के सामरिक विकल्प के रूप में गंभीरता से देखा जा रहा है।

रूसी राष्ट्रपति पुतिन की इस यात्रा से दोनों देश पूरे द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करेंगे। इसमें रक्षा, ऊर्जा, व्यापार, परमाणु सहयोग, सहित मीडिया सब शामिल हैं। भारत और रूस के बीच मोबिलिटी समझौता होगा, जिससे भारतीयों को रूस में नौकरी पाने में आसानी होगी।

इसके अलावा भारत Su-30 MKI लड़ाकू विमानों के अपग्रेड पर रूस से आगे बात करना चाहता है। ब्राह्मोस मिसाइल की बढ़ी हुई रेंज पर भी दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ाने की संभावना है। न्यूक्लियर सेक्टर में और अधिक सहयोग, विशेषतौर पर ऊर्जा के क्षेत्र में, महत्वपूर्ण एजेंडा है।

भारत के लिए यह यात्रा एक पुराने दोस्त के साथ रिश्तों को मजबूत करने और मौजूदा चुनौतियों को दूर करने का अवसर है। पुतिन की इस यात्रा में बड़े सौदों की बजाय ध्यान लंबे समय के रणनीतिक सहयोग, व्यापार बढ़ाने और अवरोध हटाने पर रहेगा।

Digpal Singh
दिगपाल सिंहauthor

दिगपाल सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सिटी टीम को लीड कर रहे हैं। शहरों से जुड़ी ताजाखबरें, लोकल मुद्दे, चुनावी कवरेज और एक्सप्लेनर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। 2006 से पत्रकारिता में सक्रिय दिगपाल सिंह को प्रिंट और डिजिटल दोनों माध्यमों में काम करने का अनुभव है। दोनों प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए उन्होंने ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग से लेकर सेंट्रल डेस्क पर बड़ी खबरों की हैंडलिंग तक हर स्तर पर अनुभव हासिल किया है। अब तक 30,000 से अधिक खबरें लिख चुके दिगपाल हाइपर-लोकल न्यूज की बारीकियों, शहरों की समस्याओं और लोगों से जुड़े वास्तविक मुद्दों को समझने की विशेष क्षमता रखते हैं।

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