भारत के डिफेंस सेक्टर को बड़ा बूस्ट मिला है, डिफेंस एक्विज़िशन काउंसिल (DAC) की बैठक में करीब 79,000 करोड़ से ज्यादा के रक्षा खरीद प्रस्तावों पर फैसला लिया गया। इससे सेनाओं की आधुनिक क्षमता बढ़ेगी। इस डील में Mi-17 हेलीकॉप्टर अपग्रेड, MRSAM मिसाइलें, Astra मार्क-2, पिनाका रॉकेट विकास आदि शामिल है।
सूत्रों के अनुसार, इसमें मिसाइल सिस्टम, सर्विलांस प्लेटफॉर्म, रिफ्यूलर एयरक्राफ्ट और AWACS से जुड़े प्रस्ताव शामिल हैं।सरकार के आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत रक्षा उत्पादन और तेज़ होने की उम्मीद है।
इस बारे में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बताते हुए ट्वीट किया-आज हुई डिफेंस एक्विजिशन काउंसिल (DAC) की बैठक में तीनों सेनाओं के अलग-अलग प्रस्तावों के लिए लगभग 79,000 करोड़ रुपये की 'एक्सेप्टेंस ऑफ नेसेसिटी' (AoN) को मंज़ूरी दी गई। PM श्री @narendramodi के नेतृत्व में रक्षा मंत्रालय भारत की रक्षा तैयारियों को मज़बूत करने के लिए लगातार काम कर रहा है। आज लिए गए फैसलों से सशस्त्र बलों की ऑपरेशनल क्षमताओं को बढ़ाने में मदद मिलेगी।
फैसले की अहम बातें-
- आर्टिलरी के लिए लोइटर म्यूनिशन सिस्टम
- लो लेवल लाइट वेट रडार – ड्रोन और कम ऊंचाई पर उड़ने वाले लक्ष्यों की पहचान
- पिनाका MRLS के लिए लॉन्ग रेंज गाइडेड रॉकेट
- इंटीग्रेटेड ड्रोन डिटेक्शन एंड इंटरडिक्शन सिस्टम Mk-I
भारतीय नौसेना (Indian Navy):-
- बोलार्ड पुल टग्स – बंदरगाहों में जहाजों और पनडुब्बियों की आवाजाही के लिए
- हाई फ्रिक्वेंसी सॉफ्टवेयर डिफाइंड रेडियो (HF-SDR)
- HALE ड्रोन (RPAS) – हिंद महासागर क्षेत्र में निगरानी के लिए
भारतीय वायु सेना (Indian Air Force):-
- ऑटोमैटिक टेक-ऑफ एंड लैंडिंग रिकॉर्डिंग सिस्टम
- अस्त्र Mk-II एयर-टू-एयर मिसाइलें
- तेजस फुल मिशन सिम्युलेटर
- SPICE-1000 प्रिसिजन गाइडेंस किट
