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बिहार में नए सिरे से चुनाव कराने के लिए जन सुराज पार्टी पहुंची सुप्रीम कोर्ट, अर्जी पर CJI कल कर सकते हैं सुनवाई

बिहार में इस बार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अगुवाई वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की जीत हुई। एनडीए ने विधानसभा की 243 सीटों में से 202 पर जीत दर्ज की। जबकि इंडिया गठबंधन केवल 41 सीटें ही जीत सका। इस चुनाव में पीके की पार्टी का खाता नहीं खुल सका। जनसुराज पार्टी के ज्यादातर उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई।

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पीके की पार्टी ने बिहार में दोबारा चुनाव कराने की मांग की।

Photo : PTI

Jan Suraaj Party : पूर्व चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर (PK) की जन सुराज पार्टी बिहार विधानसभा चुनाव, 2025 को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट पहुंची है। पार्टी ने अपनी अर्जी में राज्य में नए सिरे से चुनाव कराने की मांग की है। प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत एवं जस्टिस जॉयमाल्या बागची की पीठ शुक्रवार को जन सुराज पार्टी की इस अर्जी पर सुनवाई कर सकती है। विधानसभा चुनाव में पीके की पार्टी एक भी सीट जीत नहीं पाई।

202 सीटों पर NDA की हुई जीत

बिहार में इस बार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अगुवाई वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की जीत हुई। एनडीए ने विधानसभा की 243 सीटों में से 202 पर जीत दर्ज की। जबकि इंडिया गठबंधन केवल 41 सीटें ही जीत सका। इस चुनाव में पीके की पार्टी का खाता नहीं खुल सका। जनसुराज पार्टी के ज्यादातर उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई।

बिहार सरकार पर आचार संहिता के उल्लंघन का आरोप

अपनी अर्जी में पीके की पार्टी ने बिहार सरकार पर चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का आरोप लगाया है। जनसुराज का आरोप है कि बिहार सरकार ने चुनाव कार्यक्रम की घोषणा होने के बाद मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत महिलाओं के खाते में 10 हजार रुपए स्थानांतरित किए जो कि आचार संहिता का उल्लंघन है।

SC से निर्देश देने की मांग

याचिका में चुनाव आयोग को संविधान के अनुच्छेद 324 (चुनावी सूची की तैयारी तथा सभी चुनावों के संचालन, निर्देशन और नियंत्रण) और जन प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 123 के तहत राज्य में महिला मतदाताओं को सीधे धन हस्तांतरण के मामले में कार्रवाई करने के निर्देश देने की मांग की गई है। अर्जी में चुनाव कार्यक्रम घोषित होने से कम से कम छह महीने पहले तक ऐसी योजनाओं के क्रियान्वयन की न्यूनतम समयसीमा तय करने की मांग की गई है। इसमें कहा गया है कि ऐसा नहीं होने पर स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनावों पर इसका प्रभाव पड़ सकता है।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत महिलाओं को छोटे व्यवसाय शुरू करने, स्वरोजगार को बढ़ावा देने और राज्य में महिला सशक्तिकरण के उद्देश्य से 10,000 रुपये की प्रारंभिक वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है।

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

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