Shashi Tharoor: ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत कराने में पाकिस्तान की भूमिका पर कांग्रेस नेता शशि थरूर ने बयान दिया है। तिरूवनंतपुरम में थरूर ने कहा कि तुर्किये और मिस्र के साथ मिलकर पाकिस्तान मध्यस्थता के प्रयासों को आगे बढ़ा रहा है जिसे देखकर वह खुश नहीं हैं। कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संवाद एवं कूटनीति के जरिए ईरान युद्ध खत्म करने की बात की है जिसका वह समर्थन करते हैं लेकिन इस युद्ध में शांति की इस पहल को भारत आगे नहीं बढ़ा पाया है।
इससे मैं खुश नहीं हो सकता-थरूर
समाचार एजेंसी ANI के साथ बातचीत में थरूर ने कहा कि इस समय, यह कहते हुए दुख हो रहा है कि स्थिति बहुत अच्छी नहीं दिख रही है। यह हम सभी के लिए थोड़ा शर्मनाक है। जिन कारणों से मैंने ईरान युद्ध पर सरकार के संयम और चुप्पी का समर्थन किया था, उनमें से एक यह था कि मुझे उम्मीद थी कि सरकार इसका उपयोग शांति स्थापित करने के लिए एक अवसर बनाने में करेगी और शांति की अग्रणी आवाज बनेगी, जैसा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अक्सर कहते रहे हैं। लेकिन विडंबना यह है कि हम देख रहे हैं कि पाकिस्तान तुर्की और मिस्र के साथ मिलकर मध्यस्थता की कोशिशों का नेतृत्व कर रहा है। इससे मैं खुश नहीं हो सकता।'
केरल में बीजेपी एक भी सीट नहीं रखने वाली पार्टी-थरूर
केरल चुनावों पर कांग्रेस सांसद ने कहा, 'मैं बहुत आशावादी हूं। यह मत भूलिए कि केरल में बीजेपी एक भी सीट नहीं रखने वाली पार्टी है। असली मुकाबला यूडीएफ और एलडीएफ के बीच है। हमारे पास अच्छे और अनुभवी उम्मीदवार हैं, साथ ही कुछ नए चेहरे भी हैं। हम सब मिलकर बदलाव लाने जा रहे हैं। लोग एलडीएफ के 10 साल के कुप्रबंधन से थक चुके हैं और बीजेपी इसका जवाब नहीं है, क्योंकि उनके पास क्षमता नहीं है। समाधान एलडीएफ को सत्ता से हटाने में है।'
'महिला आरक्षण बिल का मजबूत समर्थक रहा हूं'
उन्होंने आगे कहा, 'मैं महिला आरक्षण बिल का मजबूत समर्थक रहा हूं, क्योंकि राजनीति में महिलाओं को वह अवसर नहीं मिल पाता जिसके वे हकदार हैं। इस चुनाव में भी किसी पार्टी ने महिलाओं को पर्याप्त संख्या में टिकट नहीं दिए हैं। हमारे पास केवल 10% है और बीजेपी के पास केवल 11-12%। हमें सुनिश्चित प्रतिनिधित्व देने के लिए आरक्षण की जरूरत है।'
