Budget 2024 : बजट 2024 पर 'भेदभाव' का आरोप लगाते हुए विपक्ष ने सरकार पर अपने हमले तेज कर दिए हैं। विपक्ष का आरोप है कि बिहार और आंध्र प्रदेश को बजट देने में सरकार ने दरियादिली दिखाई है और विपक्ष शासित राज्यों को बजट का आवंटन करने में हाथ खींच लिए हैं। विपक्ष के सदस्य मानसून सत्र के तीसरे दिन जैसे ही संसद परिसर पहुंचे उन्होंने सरकार पर हमला बोलना शुरू कर दिया। बजट पर 'भेदभाव' का आरोप लगाते हुए विपक्ष के सभी बड़े नेता संसद परिसर में प्रदर्शन करने के लिए जुटे। प्रदर्शन में शामिल होने के लिए कांग्रेस नेता सोनिया गांधी भी पहुंचीं। मल्लिकार्जुन खरगे, डेरेक ओ ब्रायन, जया बच्चन, अखिलेश यादव, शशि थरूर और प्रियंका चतुर्वेदी ने बजट के लिए सरकार की आलोचना की।
अखिलेश यादव का तंज- विकास यूपी नहीं बिहार जा रहा है
मीडिया से बातचीत में सपा अध्यक्ष ने कहा, 'समाजवादी पार्टी चाहती है कि किसानों को समर्थन मूल्य मिले और उसकी आय दोगुनी हो। सरकार ने किसानों को नहीं बल्कि उसका समर्थन करने वाले दलों को 'समर्थन मूल्य' दे रही है। आप पहले बेरोजगारी लाते हैं, फिर आधी-अधूरी नौकरी लाते हैं। इससे नौजवानों का भविष्य नहीं बनने वाला है। इंटर्नशिप के बाद क्या होगा, उन्हें नौकरी कौन देगा? महंगाई को नियंत्रित करने के लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं है। मध्यम वर्ग को सहूलियत भी दी है तो उसे अपनी महंगाई से वापस ले लिया है।'विकास यूपी नहीं बिहार जा रहा है-अखिलेश
यूपी को बड़े सपने दिखाए थे लेकिन क्या मिला? ऐसा लगता है कि दिल्ली वालों ने लखनऊ की तरफ बंद कर दिया है। या लखनऊ वालों ने दिल्ली को नाराज कर दिया है, उसका असर हमें बजट में दिखाई दे रहा है। विकास यूपी नहीं बिहार जा रहा है। नेपाल और यूपी की बाढ़ रोके बिना आप बिहार की बाढ़ कैसे रोकेंगे। आप यूपी और नेपाल की बाढ़ रोकें तो बिहार की बाढ़ अपने आप रुक जाएगी।'
थरूर बोले- ज्यादातर राज्यों को बहुत कम मिला
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि ज्यादातर राज्यों को बहुत कम मिला है। केरल को बजट से उम्मीद थी कि स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए कुछ मिलेगा लेकिन कोई भी उम्मीद पूरी नहीं हुई है। हर राज्य के साथ कमोबेश ऐसा ही हुआ है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि बजट से न्याय नहीं हुआ है। हम इसके खिलाफ लड़ रहे हैं। शिवसेना यूबीटी गुट की सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा कि बजट में हुए भेदभाव के खिलाफ हम लोग विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। विपक्ष शासित जितने भी राज्य हैं, उनके साथ भेदभाव हुआ है। महाराष्ट्र सबसे ज्यादा टैक्स देने वाला राज्य है लेकिन इसके बदले में उसे कुछ नहीं मिला।
