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Nepal Flood: नेपाल में ईशा फाउंडेशन के 77 अनुयायी लापता, सद्गुरु बोले- 'बचाव अभियान के लिए तैयार'

सद्गुरु ने बताया कि हमारी यात्रा में शामिल 21 समूहों में से 495 लोग सुरक्षित लौट चुके हैं। अभी 743 लोग तिब्बत में हैं, 148 लोग नेपाल में हैं, 77 लोग इमिग्रेशन सेंटर पर थे और 3 वॉलंटियर नेपाल के तिमुरे में हैं।

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आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु बोले-'बचाव अभियान के लिए तैयार'

आध्यात्मिक गुरु सद्गुरु ने बुधवार यानी 26 अगस्त को नेपाल में तिब्बत-चीन सीमा पर अचानक आई बाढ़ पर गहरा दुख जताया। इस बाढ़ में एक इमिग्रेशन ऑफिस बह गया, जहां कैलाश-मानसरोवर यात्रा पर गए तीर्थयात्रियों का एक समूह ठहरा हुआ था। एक बयान जारी करते हुए सद्गुरु ने बताया कि इस दुखद घटना के समय ईशा फाउंडेशन से जुड़े 77 तीर्थयात्री और तीन स्वयंसेवक उस केंद्र पर मौजूद थे।

उन्होंने कहा कि 21 समूहों के 495 लोग तो सुरक्षित लौट आए हैं, लेकिन सैकड़ों तीर्थयात्री अभी भी तिब्बत और नेपाल में फंसे हुए हैं।

सद्गुरु ने पुष्टि की कि वे खुद उस इलाके में मौजूद हैं

इसके अलावा, सद्गुरु ने पुष्टि की कि वे स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर बचाव और राहत कार्यों का तालमेल बिठाने के लिए खुद उस इलाके में मौजूद हैं। उन्होंने कहा, 'तिब्बत-चीन के ग्यिरोंग में अचानक भयानक और दुखद बाढ़ आ गई है और हमारा एक कैलाश यात्रा समूह उसमें फंस गया था। जब बाढ़ आई, तो वे लौटते समय इमिग्रेशन ऑफिस में थे; ऐसा लगता है कि उस इमारत और शहर के बड़े हिस्से में बाढ़ का पानी भर गया है।'

उन्होंने आगे कहा, 'हम सभी, जिसमें वॉलंटियर और सपोर्ट टीमें भी शामिल हैं, बहुत दुखी हैं और बचाव कार्य में मदद करने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। इमिग्रेशन ऑफिस में मौजूद लोगों में से किसी के भी बारे में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है। हम अधिकारियों के साथ मिलकर उस जगह तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं और जोखिम के बावजूद बचाव कार्य में शामिल होने के लिए तैयार हैं।'

सद्गुरु ने बताया कि तिब्बत में अभी 743 लोग हैं

उन्होंने कहा कि हमारी यात्रा में शामिल 21 ग्रुप्स में से 495 लोग सुरक्षित वापस आ चुके हैं। अभी 743 लोग तिब्बत में हैं, 148 लोग नेपाल में हैं, 77 लोग इमिग्रेशन सेंटर पर थे और 3 वॉलंटियर्स नेपाल के तिमुरे में हैं। उन्होंने कहा, 'हमारे ग्रुप के लोगों और इस इलाके में प्रभावित सैकड़ों अन्य लोगों के परिवारों और उनके चाहने वालों के दुख में मैं भी शामिल हूं। इस बेहद मुश्किल समय में हम हर संभव कोशिश कर रहे हैं। मैं खुद इस इलाके में मौजूद हूं ताकि यह पक्का किया जा सके कि मौजूदा हालात में जो सबसे अच्छा हो सकता है, वह किया जाए।'

सद्गुरु का यह बयान ऐसे समय में आया है जब कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 100 से ज़्यादा भारतीयों समेत लगभग 400 तीर्थयात्रियों से संपर्क टूट गया है। बुधवार तड़के आई अचानक बाढ़ ने नेपाल-चीन सीमा पर स्थित रसुवा और धाडिंग ज़िलों में सड़कें और ज़रूरी इंफ्रास्ट्रक्चर तबाह कर दिए और कई गांवों को अपनी चपेट में ले लिया।

तमिलनाडु के 37 लोगों का पता नहीं , CM ने बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए

नेपाल में आई भयानक बाढ़ के बीच, तमिलनाडु के 37 पर्यटकों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि ये पर्यटक हिमालय में एक मंदिर जा रहे थे। मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने कहा कि वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों को 'लापता लोगों को जल्द से जल्द बचाने" के काम पर लगाया गया है।तंजावुर की कलेक्टर आर. रेवती ने बताया कि जिले के 57 पर्यटकों में से 20 का पता चल गया है।कलेक्टर ने कहा कि उन्होंने उन 20 लोगों की पहचान कर ली है। रेवती ने आगे कहा, 'हमें अभी यह नहीं पता कि बाकी लोगों के साथ क्या हुआ है; हम और जानकारी का इंतज़ार कर रहे हैं।'आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, पहचाने गए 20 लोगों में से 11 महिलाएं हैं।

'तमिलनाडु के लोगों को जल्द से जल्द बचाने और प्रभावित लोगों को जरूरी मदद पहुंचाएं'

.CM विजय बोले-'मैंने नई दिल्ली में तमिलनाडु हाउस के वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे इस आपदा में लापता तमिलनाडु के लोगों को जल्द से जल्द बचाने और प्रभावित लोगों को ज़रूरी मदद पहुँचाने के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाएं।' उन्होंने कहा कि विदेश मंत्रालय और नेपाल में भारतीय दूतावास के जरिए उनके बारे में जानकारी जुटाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तेज़ी से कदम उठाए जा रहे हैं।

Ravi Vaish
रवि वैश्यauthor

रवि वैश्य टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क पर कार्यरत एक सीनियर जर्नलिस्ट हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 20 वर्षों का व्यापक अनुभव हासिल है। खबरों की बारीकियों को समझने और तेजी से प्रस्तुत करने में उनकी विशेष दक्षता है। टीवी पत्रकारिता में रिपोर्टिंग और डेस्क—दोनों क्षेत्रों में अनुभव होने के कारण वे समाचारों को बहुआयामी दृष्टिकोण से देखते हैं। देश–दुनिया की ताजातरीन अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज, एक्सप्लेनर और विशेष स्टोरीज तैयार करने में वे सिद्धहस्त हैं। उनकी प्राथमिकता हमेशा यही रही है कि हर खबर तेज, सटीक और जानकारीपूर्ण रूप में पाठकों तक पहुंचे। रवि वैश्य अब तक 22,000 से अधिक खबरें लिख चुके हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, इंटरव्यू, ग्राउंड रिपोर्ट्स, विश्लेषण और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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