देश

रेलवे स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण को लेकर किये गए बड़े फैसले, एयरपोर्ट की तर्ज पर होगी स्टेशनों की सुरक्षा व्यवस्था

Indian Railway: होली के पर्व पर रेलवे स्टेशनों पर भारी भीड़ उमड़ने की उम्मीद है। जिसे देखते हुए सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। देशभर के बड़े रेलवे स्टेशनों पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए प्लान तैयार हो चुका है। जानकारी के अनुसार स्टेशन पर केवल कन्फर्म रिजर्वेशन (Confirm Reservation) टिकट वाले यात्रियों को सीधे प्लेटफॉर्म तक जाने की अनुमति होगी।

Image

सांकेतिक तस्वीर

Photo : PTI

Railway's New Rules: त्योहारों के मौके पर ट्रेन से यात्रा करने वाले यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए भारतीय रेल ने खास प्लान तैयार किया है। अब रेलवे स्टेशन पर भी एयरपोर्ट की तर्ज पर सुरक्षा व्यवस्था होगी। जिन लोगों के पास कन्फर्म टिकट होगा, उन्हें ही प्लेटफॉर्म तक सीधे एंट्री मिलेगी। इसे लेकर 10 बड़े फैसले लिए गए हैं। जो इस प्रकार हैं,

1). 60 स्टेशनों पर स्थायी बाहरी प्रतीक्षा स्थल (Waiting Area)

2024 के त्योहारों के दौरान, स्टेशनों के बाहर waiting areas बनाए गए थे, जिससे सूरत, उधना, पटना और नई दिल्ली में भारी भीड़ को नियंत्रित किया जा सका। यात्रियों को केवल तब प्लेटफॉर्म पर जाने की अनुमति दी गई जब ट्रेन प्लेटफॉर्म पर आ गई। इसी तरह की व्यवस्था प्रयाग क्षेत्र के नौ स्टेशनों पर महाकुंभ के दौरान की गई थी। इन अनुभवों के आधार पर, रेलवे ने देशभर के 60 ऐसे स्टेशनों पर स्थायी प्रतीक्षा क्षेत्र (Permanent Waiting Areas) बनाने का निर्णय लिया है, जहां समय-समय पर भारी भीड़ होती है।

नई दिल्ली, आनंद विहार, वाराणसी, अयोध्या और पटना स्टेशनों पर पायलट प्रोजेक्ट शुरू हो चुके हैं। इस व्यवस्था से अचानक आने वाली भीड़ को waiting area में नियंत्रित किया जा सकेगा और यात्रियों को केवल ट्रेन के आने पर प्लेटफॉर्म पर जाने दिया जाएगा, जिससे स्टेशन पर भीड़भाड़ कम होगी।

2). अभिगम नियंत्रण (Access control)

इन 60 स्टेशनों पर पूरी तरह से प्रवेश नियंत्रण लागू किया जाएगा। केवल confirm reservation टिकट वाले यात्रियों को सीधे प्लेटफॉर्म तक जाने की अनुमति होगी। बिना टिकट यात्री या प्रतीक्षा सूची टिकट वाले यात्री बाहरी waiting area में रुकेंगे। सभी unauthorised entry points सील कर दिए जाएंगे।

3). चौड़े फुट-ओवर ब्रिज (FOB)

12 मीटर (40 फीट) और 6 मीटर (20 फीट) चौड़ाई वाले दो नए standard के फुट-ओवर ब्रिज डिज़ाइन किए गए हैं। ये चौड़े FOB और ramp महाकुंभ के दौरान भीड़ प्रबंधन में बहुत प्रभावी साबित हुए। इन नए चौड़े FOB को सभी स्टेशनों पर स्थापित किया जाएगा।

4). कैमरा (Cameras)

सभी स्टेशनों और आसपास के क्षेत्रों में निगरानी के लिए बड़ी संख्या में कैमरे लगाए जाएंगे।

5). युद्ध कक्ष (War rooms)

बड़े स्टेशनों पर war room विकसित किए जाएंगे। भीड़भाड़ की स्थिति में सभी विभागों के अधिकारी war room में कार्य करेंगे।

6). नई पीढ़ी के संचार उपकरण (New generation communication equipment)

अत्याधुनिक डिज़ाइन वाले डिजिटल संचार उपकरण जैसे वॉकी-टॉकी, announcement system और calling system भारी भीड़ वाले सभी स्टेशनों पर लगाए जाएंगे।

7). नए डिसाइन के ID Card

सभी स्टाफ और सेवा कर्मियों को नए design के ID card दिया जाएगा, जिससे केवल अधिकृत व्यक्तियों को ही स्टेशन में प्रवेश की अनुमति मिलेगी।

8). स्टाफ के लिए नई डिज़ाइन की यूनिफॉर्म

सभी स्टाफ को नया डिज़ाइन यूनिफॉर्म दी जाएगी, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में उन्हें आसानी से पहचाना जा सके।

9). स्टेशन निदेशक (Upgradation of Station Director Post)

सभी प्रमुख स्टेशनों पर एक वरिष्ठ अधिकारी को स्टेशन निदेशक बनाया जाएगा। सभी अन्य विभाग Station Director को रिपोर्ट करेंगे। Station Director को वित्तीय अधिकार दिए जाएंगे ताकि वे स्टेशन सुधार के लिए तत्काल निर्णय ले सकें।

10). टिकटों की बिक्री क्षमता के अनुसार

Station Director को स्टेशन की क्षमता और उपलब्ध ट्रेनों के अनुसार टिकट बिक्री को नियंत्रित करने का अधिकार दिया जाएगा। स्टेशनों की सुरक्षा व्यवस्था एयरपोर्ट की तर्ज़ पर होगी, वेटिंग टिकट के रेल यात्री स्टेशन पर प्रवेश नहीं कर पाएंगे। यानी ट्रेन के एसी-स्लीपर कोच में वेटिंग टिकट के यात्री नहीं घुस पाएंगे।

bhawana gupta
भावना किशोरauthor

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर मूल की भावना ने देश के प्रतिष्ठित संस्थान IIMC से 2014 में पत्रकारिता की पढ़ाई की. 12 सालों से मीडिया में काम कर रही हैं. न्यूज़ नेशन, इंडिया न्यूज़, टीवी 9 भारतवर्ष और ज़ी न्यूज़, न्यूज 18 में काम करने का अनुभव. अभी Times Now में Special correspondent हैं.दिल्ली सरकार, स्वास्थ्य ,रेल, कल्चरल, शिक्षा मंत्रालयों के साथ दिल्ली क्राइम ,पॉलिटिक्स और राजधानी की हर छोटी बड़ी खबरों पर खास तौर से नजर रखती हैं. लोगों से जुड़ी खबरों पर काम करने और लोगों तक सही और सटीक खबरें पहुंचाने को अपना मकसद मानती हैं।

और पढ़ें
End of Article