Jammu Kashmir News: जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर भारतीय सेना के सतर्क जवानों ने गुरुवार को आतंकियों की घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। सेना के अनुसार, खुफिया सूचनाओं और लगातार निगरानी के आधार पर सुंदरबनी सेक्टर के नथुआ टिब्बा क्षेत्र में तड़के संदिग्ध गतिविधियां देखी गईं। व्हाइट नाइट कोर्प्स ने बताया कि संदिग्ध हलचल का पता चलते ही सैनिकों ने तेजी और संयम के साथ जवाबी कार्रवाई की, जिससे घुसपैठ का प्रयास विफल हो गया।
इलाके में तलाशी अभियान जारी
सेना ने क्षेत्र में स्थिति पर पूर्ण नियंत्रण बनाए रखने के लिए अपने जवानों की तैनाती को पुनर्गठित किया और जमीनी तथा हवाई निगरानी को और मजबूत किया। व्हाइट नाइट कोर्प्स ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जारी बयान में कहा कि पूरे सेक्टर में उच्च स्तर की सतर्कता बरकरार रखी गई है। अधिकारियों के मुताबिक, घुसपैठ की कोशिश विफल होने के तुरंत बाद इलाके में तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया, जो अंतिम सूचना मिलने तक जारी था।
दो विदेशी पिस्तौल बरामद
वहीं, इससे पहले राजौरी में नियंत्रण रेखा के नजदीक स्थित सैर गांव के एक निवासी को दो विदेशी पिस्तौलों के साथ गिरफ्तार किया गया है। अधिकारियों ने गुरुवार को इस बारे में जानकारी दी। जानकारी के मुताबिक, सचिन कुमार नामक व्यक्ति को बुधवार देर रात नौशेरा सेक्टर के रायपुर गांव से सेना की गश्ती टीम ने हिरासत में लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से दो पिस्तौल बरामद हुईं, जिनमें एक तुर्की में बनी और दूसरी चीन निर्मित थी। इसके अलावा चार मैगजीन और 15 कारतूस भी बरामद किए गए।
अधिकारियों के अनुसार, कुमार के विरुद्ध मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है। शुरुआती पूछताछ में यह सामने आया है कि आरोपी ने हथियारों की खेप सीमा पार से हासिल की थी। उसे यह सामान किसी अन्य व्यक्ति तक पहुंचाने की जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन उससे पहले ही सेना के गश्ती दल ने उसे पकड़ लिया। अधिकारियों ने बताया कि इन हथियारों को किसके लिए भेजा जा रहा था, इसकी पहचान करने के साथ-साथ सीमा पार सक्रिय नेटवर्क से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।
(इनपुट - भाषा)
