जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ में बादल फटने से 46 लोगों की मौत हो चुकी है। अब मौसम विभाग ने किश्तवाड़ सहित कई इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है और अब तक 120 लोगों को बचा लिया गया है जिनमें 38 की हालत गंभीर बताई जा रही है।
CISF के दो जवानों की मौत
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के एक सुदूर पहाड़ी गांव में बृहस्पतिवार को बादल फटने से सीआईएसएफ के दो जवानों समेत कम से कम 38 लोगों की मौत हो गयी, जबकि कई अन्य के अब भी फंसे होने की आशंका है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मृतकों में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के दो जवान भी शामिल हैं।
राहत और बचाव कार्य जारी
अधिकारियों ने बताया कि बड़े पैमाने पर राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है जिसमें राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ), पुलिस, सेना और स्थानीय स्वयंसेवक सहयोग कर रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि मचैल माता मंदिर जाने वाले रास्ते के चशोती गांव में यह आपदा अपराह्न 12 बजे से एक बजे के बीच आई। हादसे के समय मचैल माता यात्रा के लिए बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए थे।
साढ़े नौ हजार फुट की ऊंचाई पर स्थित मचैल माता मंदिर तक जाने के लिए श्रद्धालु चशोती गांव तक ही मोटर वाहन से पहुंच सकते हैं, उसके बाद उन्हें 8.5 किलोमीटर की पैदल यात्रा करनी होती है।
