Surat Rain: गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने सूरत के लिंबायत, डिंडोली और सरोली के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर लोगों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने अधिकारियों को रात 12 बजे तक जलभराव खत्म करने के निर्देश दिए और प्रभावित परिवारों को जल्द राहत पहुंचाने का भरोसा दिलाया। भारी बारिश के कारण सूरत शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा होने के बाद गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने गुरुवार को लिंबायत, डिंडोली और सरोली के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर हालात का जायजा लिया। उन्होंने प्रभावित नागरिकों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं, घरों का निरीक्षण किया और बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन किया।
दौरे के दौरान हर्ष संघवी के साथ सूरत पुलिस कमिश्नर, सूरत नगर निगम (SMC) की टीम, विधायक, मेयर और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। उन्होंने जलभराव वाले इलाकों का निरीक्षण करने के साथ स्थानीय दुकानदारों, सोसायटी के निवासियों और प्रभावित परिवारों से बातचीत कर उनकी आवश्यकताओं की जानकारी ली।
हर्ष संघवी स्वयं पानी में उतरकर प्रभावित इलाकों तक पहुंचे
लिंबायत क्षेत्र में अब भी घुटनों तक पानी भरा हुआ था। इस दौरान हर्ष संघवी स्वयं पानी में उतरकर प्रभावित इलाकों तक पहुंचे और लोगों को भरोसा दिलाया कि जलभराव की इस समस्या का स्थायी समाधान किया जाएगा।
TIMES NOW Navbharat पर यह भी पढ़ें: सूरत में बारिश के कारण अब तक 17 लोगों की मौत, बाढ़ से निपटने के लिए 500 करोड़ रुपये मंजूर
निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि पानी निकालने के लिए जो भी संसाधन और व्यवस्थाएं करनी पड़ें, तत्काल की जाएं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आज रात 12 बजे तक किसी भी हालत में जलभराव समाप्त होना चाहिए और इसके लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का उपयोग किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को वर्षा का पानी तेजी से निकालने, सफाई अभियान तेज करने, बिजली आपूर्ति जल्द बहाल करने तथा स्वास्थ्य और स्वच्छता संबंधी सभी आवश्यक उपाय करने के निर्देश दिए। साथ ही प्रभावित परिवारों को कैश डोल्स और घरेलू सहायता जल्द से जल्द उपलब्ध कराने के लिए भी कहा।
स्थानीय निवासियों ने जलभराव को लेकर अपनी नाराजगी और समस्याएं भी रखीं
दौरे के दौरान कई स्थानीय निवासियों ने जलभराव को लेकर अपनी नाराजगी और समस्याएं भी रखीं। उपमुख्यमंत्री ने उनकी शिकायतों को गंभीरता से सुना, उन्हें आश्वस्त किया कि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने इसके लिए स्थायी योजना तैयार की जाएगी। उन्होंने इस संबंध में अधिकारियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को भी आवश्यक निर्देश दिए।
इस अवसर पर विधायक संगीताबेन पाटिल, मेयर मायाबेन मावाणी, सूरत जिला प्रभारी सचिव शालिनी अग्रवाल, नगर आयुक्त एम. नागराजन, पुलिस आयुक्त वाबांग जमीर, स्थायी समिति के अध्यक्ष राजनभाई पटेल तथा नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
