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बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या, मनरेगा, SIR...; जानें CWC बैठक में कौन से मुद्दे उठे; खरगे ने केंद्र को किस बात पर घेरा?

Congress CWC Meeting: कांग्रेस की शीर्ष नीति निर्धारक इकाई कार्य समिति (CWC) महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के विषय पर मंथन कर आगे की रणनीति तैयार की जा रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने नई दिल्ली स्थित इंदिरा भवन में सीडब्ल्यूसी की बैठक की अध्यक्षता की।

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कांग्रेस कार्य समिति की बैठक आज (फाइल फोटो)

Congress CWC Meeting: कांग्रेस की शीर्ष नीति निर्धारक इकाई कार्य समिति (CWC) महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के विषय पर मंथन कर आगे की रणनीति तैयार की जा रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने नई दिल्ली स्थित इंदिरा भवन में सीडब्ल्यूसी की बैठक की अध्यक्षता की।

खरगे ने केंद्र को घेरा

खरगे ने मनरेगा के स्थान पर ‘विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम’ बनाए जाने को लेकर मोदी सरकार पर ‘गरीबों के पीठ में छुरा घोंपने’ का आरोप लगाया और कहा कि इस विषय पर राष्ट्रव्यापी जनांदोलन खड़ा करना होगा। उन्होंने सीडब्ल्यूसी की बैठक को संबोधित करते हुए बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों पर हमलों की निंदा की और कहा कि इससे पूरा भारत चिंतित है।

खरगे ने कांग्रेस नेताओं से आगामी विधानसभा चुनावों के लिए कमर कसने का आह्वान किया और यह भी कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) लोकतांत्रिक अधिकारों को सीमित करने की एक सोची समझी साजिश है तथा ऐसे में यह सुनिश्चित करना होगा कि कांग्रेस के मतदाताओं के नाम न काटे जाएं

खरगे ने बैठक में कहा, ‘‘हम आज ऐसे मौके पर विचार और भविष्य की रणनीति बनाने के लिए एकत्र हुए हैं, जब देश में लोकतंत्र, संविधान और नागरिकों के अधिकारों पर चारों तरफ गंभीर संकट छाया है।’’ उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘हाल में संसद के शीतकालीन सत्र में मोदी सरकार ने मनरेगा को समाप्त कर करोड़ों गरीबों और कमजोर तबके के लोगों को बेसहारा कर दिया है। गरीबों के पेट पर लात मारने के साथ उनकी पीठ में मोदी सरकार ने छुरा घोंपा है। मोदी सरकार ने काम के अधिकार पर सुनियोजित और क्रूर हमला किया है।’’

बैठक में कौन-कौन हुए शामिल?

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल, प्रियंका गांधी वाड्रा, जयराम रमेश और कई अन्य वरिष्ठ नेताओं के शामिल हुए।

सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस कार्य समिति की अपनी बैठक में मनरेगा को लेकर सरकार को घेरने के लिए कुछ कार्यक्रमों पर फैसला कर सकती है।

कांग्रेस का आरोप है कि ‘विकसित भारत-जी राम जी अधिनियम’ के माध्यम से मनरेगा को खत्म किया गया है और इस योजना से महात्मा गांधी का नाम हटाया जाना राष्ट्रपिता का अपमान है। पार्टी की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने 20 दिसंबर को कहा था कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने मनरेगा पर बुलडोजर चला दिया है और करोड़ों किसानों, श्रमिकों एवं भूमिहीन ग्रामीण वर्ग के गरीबों के हितों पर हमला किया है। उन्होंने यह भी कहा था कि पार्टी नए ‘‘काले कानून’’ के खिलाफ लड़ाई को लेकर प्रतिबद्ध है।

केंद्र पर बरसे थे खरगे

संसद में जी राम जी विधेयक पारित होने के बाद खरगे ने आरोप लगाया था कि मनरेगा का सिर्फ नाम नहीं बदला जा रहा है, बल्कि इस योजना की ‘‘योजनाबद्ध हत्या’’ की जा रही है तथा विदेशी धरती पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा महात्मा गांधी की प्रतिमाओं पर फूल चढ़ाना सिर्फ दिखावा है।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा था कि जी राम जी अधिनियम प्रदेशों एवं गांवों के खिलाफ है तथा इसे वापस लेने के लिए सरकार को विवश करने के मकसद से एक राष्ट्रव्यापी मोर्चा बनाया जाएगा। संसद ने विपक्ष के हंगामे के बीच ‘विकसित भारत-जी राम जी विधेयक, 2025’ को 18 दिसंबर को मंजूरी थी। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की संतुति के बाद अब यह अधिनियम बन चुका है। यह 20 साल पुराने मनरेगा की जगह लेगा।

Anurag Gupta
अनुराग गुप्ताauthor

अनुराग गुप्ता टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं और मीडिया में 9 वर्षों का अनुभव रखते हैं। जर्नलिज़्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से ही वे न्यूजरूम के विभिन्न आयामों—कॉपी एडिटिंग, कंटेंट क्यूरेशन और रियल-टाइम न्यूज मॉनिटरिंग में दक्षता के साथ काम कर रहे हैं। राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और ब्रेकिंग न्यूज पर उनकी मजबूत पकड़ है। अनुराग खबरों की बारीकियों को समझने, फैक्ट चेकिंग और स्टोरी के अहम पहलुओं को पाठकों तक सरल भाषा में पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने अब तक 10 हजार से अधिक खबरें प्रकाशित की हैं, जिनमें ब्रेकिंग अपडेट्स, एनालिटिकल कंटेंट, स्पेशल स्टोरीज और न्यूज एक्सप्लेनर्स शामिल हैं।

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