Congress protest: मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेस का गुरुवार को भी विरोध-प्रदर्शन कर रही है। प्रदर्शन के तीसरे दिन उसने 'ब्लैक डे' मनाने का फैसला किया है। सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस सांसद आज राजघाट तक मार्च कर सकते हैं। इस बीच, यह भी खबर है कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने विपक्ष के सांसदों को एक बार फिर लंच का न्योता दिया है। सूत्रों का कहना है कि इस लंच में आगे की रणनीति तय की जाएगी। इस बीच, कांग्रेस के विरोध-प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में कई जगहों पर सुरक्षा-व्यवस्था काफी कड़ी कर दी गई है।
सांसदों को कनॉट प्लेस के आउटर सर्किल आने का न्योता
राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष खरगे ने लंच के लिए लोकसभा और राज्यसभा के विपक्ष के सांसदों को कनॉट प्लेस आने का न्योता दिया है। सांसदों को कनॉट प्लेस के आउटर सर्किल स्थित Moets K-14 पर 1.45 बजे पहुंचने के लिए कहा गया है। वहीं, बुधवार के हंगामे को लेकर दिल्ली पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के खिलाफ पुलिसकर्मियों के साथ कथित तौर पर हाथापाई (मारपीट) करने और सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में एफआईआर (FIR) दर्ज की गई है।
प्रियंका गांधी पर कुहनी मारने का आरोप
यह एफआईआर बुधवार को जनपथ और जंतर-मंतर के आसपास हुए विपक्षी दल 'इंडिया' गठबंधन के जोरदार विरोध प्रदर्शन और पुलिस के साथ हुई झड़प के सिलसिले में दर्ज की गई है। बता दें कि कुछ ऐसे वीडियो सामने आए हैं जिसमें प्रियंका एक महिला पुलिसकर्मी को कुहनी से मारती दिखाई दे रही हैं, वहीं राहुल भी एक पुलिसकर्मी के साथ उलझते नजर आ रहे हैं।
प्रदर्शन में शामिल हुए विपक्षी दलों के नेता
7 अक्टूबर के इस प्रदर्शन में कांग्रेस के अलावा कई प्रमुख विपक्षी दलों के सांसद और नेता शामिल थे। इसमें तृणमूल कांग्रेस (TMC), मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (CPI-M), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI), राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) के प्रतिनिधि प्रमुखता से शामिल रहे। फिलहाल दिल्ली पुलिस मामले की आगे की कानूनी जांच कर रही है और एफआईआर में नामजद नेताओं पर आगे की कार्रवाई को लेकर स्थिति की समीक्षा कर रही है।
संविधान की प्रति लेकर सड़क पर लेटीं प्रियंका गांधी
प्रदर्शन के दौरान बेहद नाटकीय दृश्य देखने को मिले। बसों से उतारे जाने के बाद प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य महिला नेता संविधान की प्रति अपने हाथों में थामकर बीच सड़क पर ही लेट गईं। विपक्षी सांसद और कार्यकर्ता मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जोरदार नारेबाजी कर रहे थे। काफी देर तक चले हंगामे के बाद पुलिस अधिकारियों ने प्रियंका गांधी और अन्य महिला नेताओं को जबरन सड़क से उठाया और पुलिस बसों में बैठाकर ले गई।
