देश

Body Massager: 'बॉडी मसाजर' नहीं है एडल्ड सेक्स टॉय, बॉम्बे हाईकोर्ट ने कस्टम विभाग को लगाई फटकार

  • Compiled by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Mar 21, 2024, 06:38 PM IST

Body Massager in India: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बॉडी मसाज करने वाले उपकरण को एडल्ड सेक्स टॉय मानने से इनकार कर दिया है, कोर्ट ने स्पष्ट किया कि इन उपकरणों के आयात पर बैन नहीं लगाया जा सकता।

Image

सीमा शुल्क विभाग ने कहा था ये एडल्ड सेक्स टॉय है

KEY HIGHLIGHTS
  • 'बॉडी मसाजर' मशीन का इस्तेमाल शरीर के हिस्सों पर मसाज के लिए किया जाता है'
  • सीमा शुल्क आयुक्त ने 'बॉडी मसाजर' वाली खेप को मंजूरी देने से इनकार कर दिया था
  • सीमा शुल्क विभाग ने कहा था किये वयस्क एडल्ड सेक्स टॉय है

Import of Body Massager in India: बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा है कि 'बॉडी मसाजर' ( Body Massager in India) को एक वयस्क सेक्स खिलौने के रूप में वर्गीकृत नहीं किया जा सकता है और इसलिए इसे आयात के लिए प्रतिबंधित वस्तुओं की सूची में शामिल नहीं किया जा सकता। न्यायमूर्ति गिरीश कुलकर्णी और न्यायमूर्ति किशोर संत की खंडपीठ ने सीमा शुल्क विभाग द्वारा 'बॉडी मसाजर' की खेप को जब्त करने के आदेश को बुधवार को रद्द कर दिया।

'बॉडी मसाजर' मशीन का इस्तेमाल शरीर के हिस्सों पर मसाज के लिए किया जाता है।सीमा शुल्क आयुक्त ने यह दावा करते हुए सामान जब्त कर लिया था कि 'बॉडी मसाजर' मशीन का इस्तेमाल वयस्क सेक्स खिलौनों के रूप में किया जा सकता है और ऐसी वस्तुओं को आयात के लिए प्रतिबंधित किया गया है।

हाई कोर्ट ने कहा कि यह राय कि एक 'बॉडी मसाजर' का वयस्क सेक्स खिलौने के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है, स्पष्ट रूप से सीमा शुल्क आयुक्त की कल्पना थी।अदालत ने सीमा शुल्क आयुक्त द्वारा दायर उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें केंद्रीय उत्पाद शुल्क और सेवा कर अपीलीय न्यायाधिकरण द्वारा पारित मई 2023 के आदेश को चुनौती दी गई थी।

'ये एडल्ड सेक्स टॉय है'

सीमा शुल्क आयुक्त ने अप्रैल 2022 में 'बॉडी मसाजर' वाली खेप को यह कहते हुए मंजूरी देने से इनकार कर दिया था कि ये वयस्क सेक्स खिलौने है और इसलिए जनवरी 1964 में जारी सीमा शुल्क अधिसूचना के अनुसार इनके आयात पर रोक है।अदालत ने कहा कि 'बॉडी मसाजर' मशीन का व्यापार घरेलू बाजारों में किया जाता है और इन्हें निषिद्ध वस्तु नहीं माना जाता है।

'बॉडी मसाजर' खेप के मालिकों ने न्यायाधिकरण का दरवाजा खटखटाया था

आयुक्त के आदेश के खिलाफ 'बॉडी मसाजर' खेप के मालिकों ने न्यायाधिकरण का दरवाजा खटखटाया था, न्यायाधिकरण ने आयुक्त के आदेश को रद्द करते हुए कहा था कि आयुक्त द्वारा 'बॉडी मसाजर' को वयस्क सेक्स खिलौने के रूप में वर्गीकृत करने का विचार पूरी तरह से अधिकारी की कल्पना थी। पीठ ने सीमा शुल्क आयुक्त द्वारा दायर याचिका को खारिज कर दिया और न्यायाधिकरण के आदेश को बरकरार रखा।

एजेंसी इनपुट के साथ

टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!