Rajendra Singh Gudha: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने ही मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा को मंत्रीमंडल से बर्खास्त कर दिया है। राजेंद्र गुढ़ा कई महीनों से अशोक गहलोत के खिलाफ बगावती तेवर अपना रखे थे और शुक्रवार को महिला अत्याचार के मुद्दे पर अपनी ही सरकार पर हमला बोल दिया था।
अनुशंसा स्वीकार
राजभवन के प्रवक्ता ने बताया कि राज्य मंत्री गुढ़ा को बर्खास्त करने के बारे में मुख्यमंत्री की अनुशंसा को राज्यपाल ने तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है। राजभवन के बयान के अनुसार मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने आज सायं काल में राज्यपाल कलराज मिश्र को राज्य मंत्री राजेन्द्र सिंह गुढ़ा को बर्खास्त करने की अनुशंसा की। इसमें कहा गया है कि राज्यपाल ने मुख्यमंत्री गहलोत की इस अनुशंसा को तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है ।
क्या बोले थे राजेंद्र गुढ़ा
राजेंद्र गुढ़ा ने सैनिक कल्याण (स्वतंत्र प्रभार), होम गार्ड और नागरिक सुरक्षा, पंचायती राज और ग्रामीण विकास राज्य मंत्री के रूप में अशोक गहलोत सरकार में काम कर रहे थे। राजस्थान विधानसभा में राजस्थान न्यूनतम आय गारंटी विधेयक 2023 पर चर्चा के दौरान कांग्रेस विधायकों ने मणिपुर में हिंसा के मुद्दे पर तख्तियां लहराईं।
गुढ़ा ने अपनी ही सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा- "राजस्थान में, ये सच्चाई है कि हम महिलाओं की सुरक्षा में असफल हो गए, और राजस्थान में जिस तरह से अत्याचार बढ़े हैं महिलाओं के ऊपर, मणिपुर के बजाय हमें अपने गिरेबान में झांकना चाहिए।"
पहले भी थे बागी
गुढ़ा उन छह विधायकों में से एक हैं जिन्होंने 2018 का विधानसभा चुनाव बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की टिकट पर जीता था, लेकिन बाद में वे कांग्रेस में शामिल हो गए। गुढ़ा को अशोक गहलोत मंत्रिमंडल में शामिल किया गया था। हालांकि बाद में गुढ़ा ने अशोक गहलोत के खिलाफ ही मोर्चा खोल लिया और पायलट के साथ चले गए। उनके सपोर्ट में बयान देने लगे। साथ ही कई बयानों के कारण विवादों में भी रहे हैं।
