Uttrakhand:हरक सिंह रावत अब नहीं देंगे इस्तीफा,सीएम खेमे का दावा, क्या थम गई उत्तराखंड बीजेपी की रार!

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 26, 2021, 07:18 AM IST

उत्तराखंड विधानसभा चुनाव से पहले राज्य की प्रमुख पार्टियों बीजेपी और कांग्रेस में अंतर्कलह सामने आ रहे हैं, राज्य के कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत ने इस्तीफा देकर हलचल मचा दी।

Uttrakhand:हरक सिंह रावत अब नहीं देंगे इस्तीफा,सीएम खेमे का दावा, क्या थम गई उत्तराखंड बीजेपी की रार!

उत्तराखंड बीजेपी में अंतर्कलह मची हुई है, राज्य के कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत (Harak Singh Rawat) ने कैबिनेट मंत्री पद से इस्तीफा दे देकर बीजेपी के लिए परेशानी खड़ी कर दी इसके तुरंत बाद राज्य में बीजेपी डैमेज कंट्रोल में जुट गई और हरक सिंह रावत के मान मनौव्वल की कोशिशें तेज हो गईं मगर वो अपने स्टैंड पर कायम दिखे।

वहीं सीएम धामी के कैंपेन से दावा किया जा रहा है कि हरक इस्तीफा नहीं देंगे उनकी नाराजगी दूर हो गई है शनिवार की शाम मंत्री हरक सिंह अपने करीबी विधायक उमेश शर्मा काऊ के साथ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिलने उनके आवास पर पहुंचे इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक और कैबिनेट मंत्री डा धन सिंह रावत भी मौजूद रहे। 

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक बोले- 'सुलझा लिया गया है मसला'

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक ने कहा है कि हरक सिंह रावत नाराज नहीं हैं उन्होंने कहा कि मंत्री हरक सिंह की नाराजगी दूर कर ली गई है। हरक ने अपने क्षेत्र के मेडिकल कॉलेज के मसले को रखा था, जो कि हल हो गया है।वहीं रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ ने भी कहा है कि हरक की नाराजगी मेडिकल कॉलेज को लेकर थी जो अब दूर हो गई है। 

कैबिनेट बैठक को हरक बीच में ही छोड़कर चले गए थे

गौर हो कि उत्तराखंड विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी बीजेपी को एक बड़ा झटका लगा था शुक्रवार को वन और पर्यावरण तथा श्रम मंत्री हरक सिंह रावत  ने कैबिनेट मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया था, कैबिनेट की बैठक में हरक सिंह रावत बहुत खफा नजर आए और बैठक को बीच में ही छोड़कर चले गए थे। हरक सिंह रावत पिछले काफी समय से अपने विधानसभा क्षेत्र कोटद्वार में मेडिकल कॉलेज चाह रहे थे और कहा जा रहा था कि सरकार द्वारा उन्हें कैबिनेट बैठक के दौरान इसकी मंजूरी देने का वादा किया गया था लेकिन आज वो मंजूरी नहीं मिली तो हरक सिंह भड़क गए और बैठक बीच में ही छोड़कर ही चले गए। 

कई दिनों से सामने आ रही थी हरक सिंह की नाराजगी भरी खबरें

इससे पहले कहा जा रहा था कि रावत धामी सरकार और बीजेपी प्रदेश नेतृत्व से खुश नहीं हैं। कहा ये भी जा रहा है कि रावत कांग्रेस के प्रदेश नेतृत्व के संपर्क में है। कुछ दिन पहले ही ही उनकी एक कांग्रेस के दिग्गज नेता से देहरादून के रेस्तरा में मुलाकात भी हुई थी। इतना ही नहीं अक्टूबर माह में ही नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने भी डा हरक सिंह रावत से उनके आवास पर मुलाकात की थी तब भी कयासों का बाजार गर्म हुआ था। 

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