Amit Shah : गांधी जयंती के मौके पर गृह मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को कहा कि स्वदेशी और खादी के विचार ने न केवल लोगों के जीवन को बेहतर बनाया बल्कि इसने स्वतंत्रता आंदोलन को तेज करने में भी बड़ी भूमिका निभाई। नई दिल्ली स्थित खादी इंडिया में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में गृह मंत्री ने कहा कि 'राष्ट्रपिता महात्मा गांधी खादी के जरिए लोगों को जागरूक किया और उन्हें ब्रिटिश शासन के खिलाफ खड़े होने के लिए प्रेरित किया।'
महात्मा गांधी ने देश की आत्मा को पहचाना-शाह
उन्होंने कहा, 'यह महात्मा गांधी थे जिन्होंने देश की आत्मा को पहचाना। उन्होंने देश के लोगों को जागरूक किया और अंग्रेजों के खिलाफ उठ खड़े होने के लिए प्रेरित किया। इस तरह से हम खादी एवं स्वदेशी को स्वतंत्रता आंदोलन से अलग करके नहीं देख सकते। उस समय भारत में अंग्रेजों की कपड़ा मिलें चला करती थीं लेकिन स्वदेशी और खादी पर जोर देकर महात्मा गांधी ने न केवल स्वतंत्रता आंदोलन से इसे जोड़ा बल्कि इससे कई लोगों के जीवन में सुधार एवं बदलाव आया। लंबे समय तक खादी और स्वदेशी दोनों को भुला दिया गया।'
खादी का टर्न ओवर बढ़कर 1.7 अरब रुपए हुआ-गृह मंत्री
उन्होंने कहा, 'साल 2013 में नरेंद्र मोदी जब गुजरात के मुख्यमंत्री थे तो खादी को एक उसका वांछित स्थान दिलाने के लिए उन्होंने एक बड़ा अभियान चलाया। 2014 के बाद खादी का उत्पादन और इस्तेमाल कई गुना बढ़ गया है। इसका सलाना टर्न ओवर बढ़कक 1.7 अरब रुपए का हो गया है। मेरा मानना है कि यह बहुत बड़ी उपलब्धि है।'
संघ ने 100 वर्षों में कई व्यक्तित्वों को गढ़ा है-शाह
इससे पहले शाह ने बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी वर्ष पर उसकी सराहना करते हुए कहा कि संगठन के कार्यकर्ता हमेशा से ही सभी सुख-सुविधाओं का त्याग कर राष्ट्र की सेवा और सुरक्षा के लिए समर्पित रहे हैं। शाह ने खुद को ‘गौरवान्वित स्वयंसेवक’ बताते हुए कहा कि शीर्ष नेताओं से लेकर जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं तक, संघ ने अपनी स्थापना के इन 100 वर्षों में कई व्यक्तित्वों को गढ़ा है। उन्होंने अपने संदेश में कहा, ‘विश्व के सबसे बड़े स्वयंसेवी संगठन ‘राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ’ की शताब्दी वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं। संघ शताब्दी की इस विशाल यात्रा में मां भारती की सेवा, सुरक्षा और संवेदना के लिए अपना सर्वस्व अर्पण कर देने वाले आरएसएस के सभी साधकों को नमन करता हूं।’
