Murshidabad Violence: पश्चिम बंगाल के मुस्लिम बहुल मुर्शिदाबाद जिले में वक्फ (संशोधन) अधिनियम के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के सिलसिले में 22 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बुधवार को बताया कि स्थिति शांतिपूर्ण है और पुलिस का एक बड़ा दल संवेदनशील इलाकों, विशेषकर जंगीपुर और उसके आसपास के अन्य इलाकों पर कड़ी निगरानी रख रहा है।
अब कैसे हैं हालात?
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि स्थिति शांतिपूर्ण और नियंत्रण में है। जिले में कहीं से भी कोई भी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है। निषेधाज्ञा 10 अप्रैल को शाम छह बजे तक लागू रहेगी। इंटरनेट भी 11 अप्रैल को शाम छह बजे तक निलंबित रहेगा। अधिकारी ने बताया कि मंगलवार रात से हिंसा के सिलसिले में 22 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस संवेदनशील इलाकों में गश्त करती रहेगी।
क्या है पूरा मामला?
वक्फ विधेयक के विरोध में जंगीपुर इलाके में राष्ट्रीय राजमार्ग (NH)-12 पर मंगलवार दोपहर को बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी एकत्र हुए और उन्होंने इलाके में तैनात पुलिस बल पर पथराव किया। प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर पुलिस के कुछ वाहनों को आग लगा दी गई जिसके बाद स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े।
'अल्पसंख्यकों और उनकी संपत्तियों की करेंगे रक्षा'
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि वक्फ (संशोधन) अधिनियम के लागू होने से मुसलमान दुखी हैं और उन्होंने अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों को आश्वासन दिया कि वह राज्य में उनकी और उनकी संपत्तियों की रक्षा करेंगी। उन्होंने कहा कि मैं जानती हूं कि वक्फ अधिनियम के लागू होने से आप दुखी हैं। विश्वास रखें, बंगाल में ऐसा कुछ नहीं होगा जिससे कोई बांटकर राज कर सके। आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है।
राज्यपाल ने घटना की निंदा की
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने घटना की निंदा की और कहा कि राज्य में कानून एवं व्यवस्था की स्थिति को बिगाड़ने के प्रयास करने वालों से सख्ती से निपटा जाना चाहिए। बोस ने सरकार को हिंसा रोकने के लिए कड़ी कार्रवाई करने और एक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
भाजपा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के शासन में राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति चरमरा रही है और वह अल्पसंख्यकों के तुष्टीकरण में व्यस्त हैं। भाजपा की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा कि कभी श्यामा प्रसाद मुखर्जी के समय में सुरक्षित रहे पश्चिम बंगाल में अब ममता बनर्जी के शासन में खून बह रहा है।
