ऑस्टियोपोरोसिस रोग में हमारी हड्डियां अपना कैल्शियम खोना शुरू कर देती हैं। जिससे हमारी हड्डियों की डेंसिटी कम होने लगती है। यही कारण है कि इस रोग के कारण लोगों की हड्डियों में फ्रैक्चर की संभावना काफी बढ़ जाती है। यदि समय रहते इस समस्या का निदान न किया जाए तो समस्या काफी गंभीर हो जाती है। हालांकि ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा अक्सर 50 साल की आयु के बाद होने की संभावना होती है। लेकिन आज बदलते लाइफस्टाइल में ये रोग कम आयु के लोगों को भी अपनी चपेट में लेने लगा है। वहीं कुछ समय पहले तक ये रोग अक्सर महिलाओं में देखने को मिलता था लेकिन आज इसके शिकार पुरुष भी काफी संख्या में होते हैं। आज हम आपको इस रोग के बारे में बताने जा रहे हैं।
क्यों होता है ऑस्टियोपोरोसिस? (Causes of Osteoporosis)
हमारी हड्डियां प्रोटीन, कैल्शियम और कोलेजन जैसे तत्वों से बनी होती हैं। वहीं जब हमारी हड्डियां अपना धनत्व खोने लगती हैं, तो इस स्थिति तो ऑस्टियोपोरोसिस कहा जाता है। ऐसी स्थिति में हमारी हड्डियों में आसानी से फ्रैक्चर की संभावना बढ़ जाती है। बोन डेंसिटी कम होने के पहले स्तर को 'ऑस्टियोपेनिया' नाम से जाना जाता है। वहीं जब यह समस्या ज्यादा बढ़ जाती है, तो इसे ऑस्टियोपोरोसिस कहा जाता है।
ऑस्टियोपोरोसिस के लक्षण (Symptoms of Osteoporosis)
हड्डियों में दर्द
ऑस्टियोपोरोसिस के कारण हमारी हड्डियों में दर्द होने लगता है। वहीं हमारी रीढ़ की हड्डी में होने वाला दर्द ऑस्टियोपोरोसिस का सबसे अहम लक्षण है। जिसका कारण है कि कमजोर रीढ़ के टूटे हुए वर्टेब्रा हमारी नसों में काफी चुभते हैं।
बोन फ्रैक्चर
ऑस्टियोपोरोसिस के कारण हमारी हड्डियों में अक्सर फ्रैक्चर देखने को मिलता है। क्योंकि इसके कारण हमारी हड्डियां काफी कमजोर हो जाती हैं। जिससे फ्रैक्चर का खतरा काफी बढ़ जाता है।
खराब पोस्चर
कई रोगियों में देखा गया है कि ऑस्टियोपोरोसिस के कारण उनका पोस्चर खराब हो जाता है। जिसमें उनकी रीढ़ का ऊपरी हिस्सा आगे की तरफ झुक जाता है। जो आपके शरीर को काफी खराब दिखाता है।
ऑस्टियोपोरोसिस महिला या पुरुष किसे ज्यादा होता है?
ऑस्टियोपोरोसिस की बीमारी 50 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं में ज्यादातर देखा जाता है, लेकिन अब यह इसी उम्र के पुरुषों के पुरुषों में भी होने लगा है। ऑस्टियोपोरोसिस न सिर्फ कैल्शियम की कमी से होने वाली समस्या है, बल्कि यह महिलाओं में, एस्ट्रोजन हार्मोन की कमी के कारण भी होता है। रजोनिवृत्ति यानी मेनोपॉज के बाद हमारे शरीर में एस्ट्रोजन का लेवल कम होने लगता है, जिससे बीएमडी में तेजी से गिरावट आती है। यही कारण है कि ऑस्टियोपोरोसिस अक्सर महिलाओं में ज्यादा देखने को मिलता है।
