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Kidney health : संक्रमण से किडनी भी हो सकती है खराब, जानिए कैसे रखें गुर्दे का ख्याल

  • Edited by: प्रणव मिश्र
  • Updated May 28, 2023, 11:37 AM IST

Monsoon and Kidney Health in Hindi: किडनी की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए मानसून का मौसम काफी चुनौतीपूर्ण माना जाता है। डॉक्टरों का कहना है कि मानसून के दौरान उमस भरे माहौल में पर्सनल हाइजीन का ध्यान रखना जरूरी है। इसमें लापरवाही बरतने से किडनी में संक्रमण या क्षति हो सकती है।

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Kidney Problem: किडनी की समस्या का पहला संकेत क्या है?

Photo : iStock

Kidney Health in Monsoon: बरसात का मौसम गर्मी से राहत तो देता ही है, साथ ही कई तरह की बीमारियों को भी लेकर आता है। बदले हुए वातावरण में तापमान, आर्द्रता और अन्य कारणों से शरीर पर बुरा प्रभाव दिखाई देने लगता है । पर्यावरण में बार-बार बदलाव से शरीर में संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। वैसे तो मानसून में खाना और पानी भी हमारी सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं।

इस स्थिति से टाइफाइड, हेपेटाइटिस A या हेपेटाइटिस E जैसी समस्याएं हो सकती हैं। ये रोग मानसून के दौरान होते हैं। लेकिन वायरल इंफेक्शन इंफेक्शन बढ़ता है तो इसका असर किडनी की सेहत पर भी पड़ेग। मानसून के दौरान इंफेक्शन से बचने के लिए पर्सनल हाइजीन का ध्यान (Health Tips in Hindi) रखना सबसे जरूरी माना जाता है।

घर के आसपास साफ-सफाई का ध्यान रखें। अपने हाथों को नियमित रूप से धोना बहुत जरूरी है, खासकर खाना खाने से पहले और बाद में। हाथ की स्वच्छता न केवल आपको मानसून के दौरान संक्रमण से बचाएगी, बल्कि यह कोरोना के खतरे को कम करने का सबसे अच्छा तरीका है।

कुछ खास चीजों को रूटीन का हिस्सा बनाएं - Make Learning a Part of Your Daily Routine

मानसून के दौरान भारी वर्षा के कारण पानी जमने लगता है। हवा में मौजूद कीटाणु भोजन पर भी बस जाते हैं। इसलिए इस मौसम में खान-पान का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी जाती है। इसके लिए आप कुछ खास चीजों को रूटीन का हिस्सा बना सकते हैं। हाथों को बार-बार साबुन से धोएं और स्वच्छता बनाए रखें। इस मौसम में पानी उबाल कर पीने की आदत डालें। इस बीच अगर आप एसी में बैठते हैं तो बाहर के तापमान में से एक जरूरी बात याद रखें। बाहर जाने से पहले एसी बंद कर दें और करीब 10 मिनट बाद बाहर निकलें। तापमान में बदलाव भी आपको वायरल इंफेक्शन की चपेट में ला सकता है।

ढेर सारे फल खाएं - Change Your Diet Plan

फलों के एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण आपको बीमारियों से दूर रखते हैं। आयुर्वेद में यह विशेष रूप से कहा गया है कि यदि आप अपने शरीर को स्वस्थ रखना चाहते हैं तो आपको रोजाना मौसमी फलों का सेवन करना चाहिए। वैसे तो लोग फल खाने में भी गलतियां करते हैं। ज्यादातर लोग फलों को काटकर स्टोर कर लेते हैं और लंबे समय बाद खाते हैं। यदि आप पहले से कटे हुए फल खाते हैं, तो यह विधि आपको संक्रमण की चपेट में ला सकती है। ऐसे में किडनी की सेहत को खतरा होता है। जब आप फल खाना चाहें तो पहले उन्हें धोकर काट लें।

शारीरिक गतिविधि बढ़ाएं - Increase Physical Activity

मानसून की बारिश के कारण, अधिकांश लोगों के लिए पैदल चलना, दौड़ना या साइकिल चलाना जैसे व्यायाम का पालन करना असंभव हो जाता है। घर पर रहकर भी आप ढेर सारी शारीरिक गतिविधियां करके स्वस्थ रह सकते हैं। यदि आप उन व्यायामों को कर सकते हैं, तो उन्हें घर पर करना आसान है और आप इंटरनेट पर कई विकल्प पा सकते हैं। नियमित शारीरिक गतिविधि संक्रमण के जोखिम को कम करती है।

डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

प्रणव मिश्र
प्रणव मिश्रauthor

मीडिया में पिछले 5 वर्षों से कार्यरत हैं। इस दौरान इन्होंने मुख्य रूप से टीवी प्रोग्राम के लिए रिसर्च, रिपोर्टिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए काम किया है। इससे पहले जनसत्ता, लोकसभा टीवी/संसद टीवी, पेबेल मीडिया नेटवर्क, टाइम 8, डीडी न्यूज़ के लिए काम कर चुके हैं। इस समय टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में स्पेशल करेस्पोंडेंट के पद पर कार्यरत हैं।

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