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वायरल फीवर या डेंगू का बुखार? इन लक्षणों से करें पहचान, नजरअंदाज करने से जा सकती है जान

How to Identify Dengue or Viral Fever : मानसून के मौसम में बुखार आने पर लोगों को कई तरह का खतरा रहता है। जिसमें लोग वायरल की चपेट में आते हैं, तो बहुत से लोगों को डेंगू अपनी चपेट में ले लेता है। यदि आप दोनों बुखारों में अंतर जानना चाहते हैं, तो आपको यह लेख पूरा पढ़ना चाहिए। आइए जानते हैं वायरल फीवर या डेंगू का बुखार कैसे करें पहचान?

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Dengue or Viral Fever how to identify

Photo : iStock

बरसात का मौसम शुरू होते ही वायरल और डेंगू दोनों ही तरह के मामले बढ़ने लगते हैं। जिसमें शुरुआत में अंतर कर पाना बड़ा ही मुश्किल होता है। दरअसल बारिश में मच्छरों की संख्या बढ़ जाने के डेंगू, मलेरिया जैसे संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ता है। तो वहीं वातावरण में बैक्टीरिया के बढ़ने से वायरल फीवर का खतरा भी बढ़ जाता है। यदि आप इन दोनों ही बुखार में अंतर नहीं कर पाते हैं, तो आपको आपको यह लेख बहुत सावधानी के साथ पढ़ना चाहिए। आज हम आपको डेंगू के बुखार और साधारण वायरल फीवर के बीच कुछ अंतर बताने जा रहे हैं। जिन्हें देखकर आप इन दोनों में अंतर आसानी से कर पाएंगे।

डेंगू के लक्षण - Symptoms of Dengue Fever in Hindi

तेज बुखार

यदि आपको डेंगू का संक्रमण है, तो इसमें आपको बुखार काफी तेज हो जाता है। यह बुखार आपको कई दिन तक लगातार चल सकता है। इस बुखार में आप तेज शरीर में दर्द, बदन दर्द और थकान का अनुभव कर सकते हैं।

शरीर पर चकत्ते

डेंगू के संक्रमण में आपके शरीर पर लाल रंग के चकत्ते जैसे होने लगते हैं। जिसकी शुरुआत छोटे-छोटे दाने के तौर पर होती है। आमतौर पर यह बुखार 3-5 दिन बना रहता है। जिसमें चकत्ते खत्म होने में 1 सप्ताह का समय भी लग सकता है।

नाक, मसूड़ों से खून आना

डेंगू के संक्रमण में आपके शरीर में प्लेटलेट्स की संख्या काफी कम हो जाती है। जिससे आपके शरीर के अंग जैसे नाक, मसूड़े आदि से ब्लीडिंग की समस्या हो सकती है। वहीं गंभीर स्थिति में यह समस्या रोगी के मौत की वजह भी बन जाती है।

वायरल फीवर के लक्षण - Symptoms of Viral Fever in Hindi

वायरल फीवर यानी सामान्य बुखार में आपको कुछ सामान्य लक्षण दिखाई देते हैं। जिसमें निम्नलिखित लक्षण शामिल होते हैं।

  • नाक बहना।
  • छींक आना।
  • शरीर का तापमान घटते बढ़ते रहना।
  • उल्टी-दस्त होना।
  • खांसी-जुकाम होना।

डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

gulshan kumar
गुलशन कुमारauthor

गुलशन कुमार टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के हेल्थ सेक्शन से जुड़े हैं। फिटनेस और योग के प्रति उनकी रुचि उन्हें हेल्थ जर्नलिज्म की ओर लेकर आई, जहां वे आम लोगों की जीवनशैली, सेहत और वेलनेस से जुड़े विषयों पर लगातार काम कर रहे हैं। गुलशन अबतक 2,000 से अधिक आर्टिकल लिख चुके हैं। उनके लेखों में आसान भाषा में दी गई जानकारी, रिसर्च-बेस्ड टिप्स और रोजमर्रा की सेहत से जुड़े विषयों की स्पष्ट समझ दिखाई देती है। हेल्थ अवेयरनेस को बढ़ावा देना, फिटनेस को सरल तरीके से समझाना और बेहतर लाइफस्टाइल के लिए उपयोगी सुझाव देना—गुलशन की लेखन शैली की खासियत है।

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