Nitish Bhardwaj Warning To Ranbir Kapoor: बॉलीवुड के मशहूर एक्टर रणबीर कपूर अपनी मोस्ट अवेटेड मूवी 'रामायण' के साथ बड़े पर्दे पर धूम मचाने के लिए तैयार हैं। रणबीर कपूर की 'रामायण' इसी साल दिवाली पर दस्तक देने वाली है। फिल्म को लेकर लोगों में काफी एक्साइटमेंट है। जहां रणबीर कपूर भगवान राम का किरदार अदा करेंगे तो वहीं दूसरी ओर यश रावण और साई पल्लवी सीता का रोल निभाएंगी। रणबीर कपूर की 'रामायण' पर अब टीवी के कृष्ण नीतिश भारद्वाज ने पोस्ट शेयर की है। उन्होंने मूवी को लेकर तो रिएक्शन दिया ही, साथ ही रणबीर कपूर को चेतावनी भी दी। टाइम्स नाउ नवभारत पर यह भी पढ़ें: 'Ramayana' के ट्रेलर ने जीता Alia Bhatt का दिल, रणबीर कपूर की तारीफ में कही ये बात
नीतिश भारद्वाज ने शेयर की पोस्ट
नीतिश भारद्वाज (Nitish Bhardwaj) ने 'रामायण' (Ramayana) के ट्रेलर की तारीफ में अपनी पोस्ट में लिखा, "यह फिल्म बेस्ट फॉरेन फिल्म के ऑस्कर की हकदार लगती है। नमित मल्होत्रा को बधाई। नितेश तिवारी, सत्यजीत रे और शेखर कपूर के बाद भारतीय सिनेमा की ओर से दुनिया को मिलने वाले अगला बड़ा तोहफा है। फिल्म का प्रोडक्शन डिजाइन, सिनेमैटोग्राफी (DOP), वीएफएक्स और एआई का इस्तेमाल कमाल का है। हंस जिमर जैसे महान संगीतकार का भारतीय सिनेमा के साथ जुड़ना भी गर्व की बात है। रणबीर कपूर अब रणवीर सिंह के साथ अपनी पीढ़ी के दो ऐसे धुरंधर बन गए हैं जिन्हें कोई मात नहीं दे सकता है। यश का भी ग्लोबल सिनेमा में स्वागत है।" टाइम्स नाउ नवभारत पर यह भी पढ़ें: Mahavatar के लिए विक्की कौशल करेंगे बड़ा ट्रांसफॉर्मेशन, बढ़ाएंगे 25 किलो से ज्यादा वजन
नीतिश भारद्वाज (Nitish Bhardwaj) ने अपनी पोस्ट में रणबीर कपूर को लेकर आगे लिखा, "रणबीर, मैं हमेशा से आपकी एक्टिंग का प्रशंसक रहा हूं। लेकिन अब आपकी जिम्मेदारी भारतीय संस्कृति, परंपरा और मूल्यों को आगे बढ़ाने की भी है। इसलिए आप 'एनिमल' जैसी फिल्में अब न करें, चाहे इसके लिए कितनी भी बड़ी रकम क्यों न मिले। अपनी जुबान को गंदी न करें। भारत में ऐसी कई शानदार कहानियां हैं, जिनसे आप अपनी एक्टिंग को और बेहतर तरीके से दिखा सकते हैं।

Ramayana से रणबीर कपूर के लुक की एक झलक
साई पल्लवी (Sai Pallavi) को लेकर नीतिश भारद्वाज ने पोस्ट में आगे कहा, "मुझे उम्मीद है कि लोग साई पल्लवी को सीता के रूप में दिल से स्वीकार करेंगे। साथ ही, फिल्म में मृदंग और मंजीरे की धुनों के बीच गोस्वामी तुलसीदास की चौपाइयां भी सुनने को मिलीं। यही रामायण की असली पहचान है, जो हर भारतीय के दिल में बसती है। मैं नितेश तिवारी की इस मेहनत और भव्य फिल्म को सम्मान देने के लिए रामायण कम से कम पांच बार देखना चाहूंगा।"
