बड़े पर्दे पर दिखेगी पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की कहानी, सामने आया टीजर, जानें रिलीज डेट

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jun 28, 2022, 04:28 PM IST

Film On Atal Bihari Vajpayee Announced: दर्शकों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। अब जल्द ही भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जिंदगी पर आधारित फिल्म को बड़े पर्दे पर देखा जाएगा। यहां जानिए इस फिल्म से जुड़ी सभी जरूरी बातें।

बड़े पर्दे पर दिखेगी पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की कहानी, सामने आया टीजर, जानें रिलीज डेट

Atal Bihari Vajpayee Biopic Announced, See Here Release Date: अब सिनेमा प्रेमी जल्द ही बड़े पर्दे पर भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जिंदगी को देख पाएंगे। ऐसा इसलिए क्योंकि, हाल ही में यह खबर सामने आई है कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की बायोपिक बनाई जा रही है। उल्लेख एनपी की किताब 'द अनटोल्ड वाजपेयी: पॉलीटिशियन एंड पैराडॉक्स' से प्रेरित इस फिल्म का नाम 'मैं रहूं या ना रहूं, यह देश रहना चाहिए- अटल' रखा जाएगा। आज यानी मंगलवार को टीजर जारी करते हुए इस फिल्म का अनाउंसमेंट किया गया। फिलहाल इस फिल्म के डायरेक्टर कौन होंगे और इस फिल्म में किसे देखा जाएगा इस बात का खुलासा नहीं हुआ है। 

कहा जा रहा है कि इस फिल्म की शूटिंग अगले साल यानी 2023 के शुरुआत में शुरू की जाएगी। इसके साथ, मेकर्स इस फिल्म को अगले साल क्रिसमस के मौके पर रिलीज करने की प्लानिंग कर रहे हैं। कहा जा रहा है कि इस फिल्म को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के 99वें जन्मदिन के मौके पर जारी किया जाएगा। अटल बिहारी वाजपेयी की बायोपिक का निर्माण विनोद भानूशाली और संदीप सिंह करने वाले हैं। इस प्रोजेक्ट पर बात करते हुए विनोद भानूशाली ने कहा कि 'अपनी पूरी जिंदगी मैं अटल जी का सबसे बड़ा फैन रहा हूं। वह एक जन्मजात नेता, एक उत्कृष्ट राजनेता और दूरदर्शी रहे हैं। हमारे राष्ट्र निर्माण में उनका योगदान बहुत अहम रहा है और उनकी कहानी को सिल्वर स्क्रीन पर लाना हमारे लिए बहुत बड़ी बात है।'

इसके साथ फिल्म मेकर संदीप सिंह ने भी यह कहा कि 'अटल बिहारी वाजपेयी जी भारतीय इतिहास के उत्कृष्ट नेताओं में से एक रहे हैं, जो अपने शब्दों से दुश्मनों का भी दिल जीत लेते थे। उन्होंने सकारात्मक दृष्टिकोण रखते हुए देश का नेतृत्व किया था और प्रगतिशील भारत का खाका तैयार किया था। बतौर फिल्म मेकर, मैं यह महसूस करता हूं कि ऐसी अनकही कहानियों को लोगों तक पहुंचाने के लिए सिनेमा सबसे अच्छा मीडियम है।'

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