पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण का चुनाव प्रचार अब समाप्त हो चुका है और आज 23 अप्रैल, गुरुवार को पहले चरण की वोटिंग हो रही है। पहले चरण में 16 जिलों की 152 सीटों पर वोटिंग होगी, जहां कई उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में बंद हो जाएगी। इस चरण में लगभग 3 करोड़ 60 लाख 77 हजार मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे।
पश्चिम बंगाल में चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने के लिए बड़ी पहल की गई है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी, पश्चिम बंगाल ने मतदाताओं के लिए cVIGIL मोबाइल ऐप को प्रमोट किया है, जिसके जरिए कोई भी नागरिक चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन की तुरंत शिकायत दर्ज कर सकता है।
क्या है cVIGIL ऐप?
cVIGIL एक मोबाइल एप्लीकेशन है, जिसे चुनाव के दौरान होने वाली अनियमितताओं पर नजर रखने और तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए बनाया गया है। यह ऐप आम लोगों को सशक्त बनाता है, ताकि वे किसी भी गलत गतिविधि की फोटो या वीडियो अपलोड कर सीधे अधिकारियों तक पहुंचा सकें।
किन-किन मामलों में कर सकते हैं शिकायत?
इस ऐप के जरिए कई तरह की चुनावी गड़बड़ियों की शिकायत की जा सकती है। इनमें डराना-धमकाना, पैसे या उपहारों का वितरण, पेड न्यूज, सांप्रदायिक नफरत फैलाने वाले भाषण, मतदाताओं के लिए वाहन सुविधा का दुरुपयोग, शराब और ड्रग्स का वितरण, हथियारों का प्रदर्शन और अवैध संपत्ति बांटना शामिल है।
शिकायत पर कैसे होती है कार्रवाई?
cVIGIL ऐप की खासियत इसकी रियल-टाइम कार्रवाई प्रणाली है। जैसे ही कोई यूजर शिकायत दर्ज करता है, वह सीधे संबंधित अधिकारियों तक पहुंचती है। इसके बाद टीम मौके पर पहुंचकर जांच करती है और जरूरी कार्रवाई करती है। इससे चुनाव के दौरान नियमों का उल्लंघन करने वालों पर तुरंत रोक लगाई जा सकती है।
पारदर्शी चुनाव की दिशा में बड़ा कदम
यह पहल चुनाव आयोग की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसमें तकनीक के जरिए चुनाव प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया जा रहा है। इससे न सिर्फ चुनाव में गड़बड़ी कम होगी, बल्कि मतदाताओं का भरोसा भी मजबूत होगा। cVIGIL ऐप चुनाव के दौरान आम जनता को एक मजबूत हथियार देता है, जिससे वे किसी भी अनियमितता के खिलाफ आवाज उठा सकते हैं। पश्चिम बंगाल में इस तरह की पहल साफ संकेत देती है कि आने वाले चुनावों में पारदर्शिता और सख्ती को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
