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विरोध प्रदर्शन, पुनर्मतदान, गिरफ्तारियां...काउंटिंग से पहले बंगाल का माहौल गर्म, क्या होने जा रहा है?

Bengal Election Counting: ये घटनाक्रम 4 मई को होने वाली मतगणना से पहले सामने आए हैं, जिसमें तृणमूल कांग्रेस और भाजपा दोनों चुनावी आचरण को लेकर एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं।

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बंगाल का सियासी माहौल गर्म (AI Image)

West Bengal Election: मतगणना दो दिन पहले दक्षिण 24 परगना में पुनर्मतदान, विरोध प्रदर्शन और राजनीतिक दांव-पेच के चलते शनिवार को पश्चिम बंगाल में तनाव बना रहा। अधिकांश मतदान केंद्रों पर मतदान काफी हद तक शांतिपूर्ण रहा, लेकिन उत्पीड़न और डराने-धमकाने के आरोपों ने माहौल को तनावपूर्ण बनाए रखा। इस दिन फाल्टा में भी अशांति सड़कों पर उतर आई, जबकि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ रणनीति बैठक की और निर्णायक जीत का विश्वास जताया। बाद में दिन में चुनाव आयोग ने फाल्टा में 21 मई को पुनर्मतदान की घोषणा की और कहा कि पश्चिम बंगाल की 293 सीटों के परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे। ये घटनाक्रम 4 मई को होने वाली मतगणना से पहले सामने आए हैं, जिसमें तृणमूल कांग्रेस और भाजपा दोनों चुनावी आचरण को लेकर एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रही हैं।

बंगाल चुनाव: प्रमुख घटनाक्रम

  • एक दुर्लभ कदम उठाते हुए, चुनाव आयोग ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया में बाधा का हवाला देते हुए फाल्टा विधानसभा सीट के सभी 285 मतदान केंद्रों पर 21 मई को नए सिरे से मतदान का आदेश दिया है। मतगणना 24 मई को होगी।
  • मगरहाट पश्चिम और डायमंड हार्बर के 15 बूथों पर शनिवार शाम 6 बजे पुनर्मतदान संपन्न हुआ, जिसमें लगभग 90 प्रतिशत मतदान हुआ। मगरहाट पश्चिम के 11 बूथों और डायमंड हार्बर के चार बूथों पर सुबह 7 बजे से शुरू हुआ मतदान काफी हद तक शांतिपूर्ण रहा। शाम 5 बजे तक मतदान 86.90 प्रतिशत रहा, जबकि एक बूथ के नतीजे अभी आने बाकी थे।
  • डायमंड हार्बर के चंदा प्राइमरी स्कूल स्थित बूथ नंबर 179 पर तृणमूल कांग्रेस ने आरोप लगाया कि केंद्रीय बलों ने एक दिव्यांग मतदाता और उसकी मां को परेशान किया, जिसके बाद पार्टी कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया।
  • फाल्टा के हासिमनगर गांव में, सैकड़ों ग्रामीणों, जिनमें से कई महिलाएं भाजपा के झंडे लिए हुए थीं, नतीजों के बाद टीएमसी कार्यकर्ताओं से जान से मारने की धमकी मिलने का आरोप लगाते हुए सात घंटे से अधिक समय तक सड़कों को जाम कर दिया। उन्होंने स्थानीय पंचायत प्रधान इसराफिल पर, जो टीएमसी उम्मीदवार जहांगीर खान का करीबी सहयोगी है, हमले की चेतावनी देने का आरोप लगाया। इस मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया।
  • वहीं, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अभिषेक बनर्जी के साथ मिलकर पार्टी के मतगणना एजेंटों को बताया कि टीएमसी 294 सीटों में से 200 से अधिक सीटें जीतेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से भाजपा के दावों और एग्जिट पोल को नजरअंदाज करने का आग्रह किया और उन्हें 'प्रचार' बताया। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्रीय बलों द्वारा कथित तौर पर प्रताड़ित किए गए पार्टी कार्यकर्ताओं को आर्थिक मुआवजा दिया जाएगा।
  • ये घटनाक्रम गुरुवार को कोलकाता के दो मतगणना केंद्रों में हुए हाई ड्रामा के बाद सामने आया है, जहां टीएमसी नेताओं ने ईवीएम रखने वाले स्ट्रांग रूम में पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया था। हालांकि, मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज अग्रवाल ने किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका से इनकार किया। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को दो चरणों में भारी सुरक्षा के बीच हुए थे और मतगणना 4 मई को होनी है।
Amit Mandal
अमित कुमार मंडल author

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर... और देखें

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