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महाराष्ट्र चुनाव: सीट बंटवारे को लेकर एमवीए में गतिरोध दूर, आज हो सकता है ऐलान, छोटी पार्टियों में बेचैनी

राज्य में कुल 288 सीट हैं। शिवसेना (यूबीटी) और कांग्रेस के बीच बातचीत में बाधा आने के बाद राज्य कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बालासाहेब थोराट ने पहले शरद पवार और उद्धव ठाकरे से मुलाकात की।

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महाराष्ट्र चुनाव 2024

Photo : PTI

MVA seat-sharing: महाराष्ट्र में विपक्षी महा विकास आघाडी(MVA) गठबंधन के शीर्ष नेताओं की मंगलवार देर रात बैठक हुई और इस बाबत संकेत हैं कि विधानसभा चुनाव के लिए सीट बंटवारे को अंतिम रूप दे दिया गया है। शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत ने कहा कि बुधवार को संवाददाता सम्मेलन आयोजित कर इसकी घोषणा की जाएगी। महाराष्ट्र में नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसकी अंतिम तिथि 29 अक्टूबर है।

ये हो सकता सीट शेयरिंग फॉर्मूला

एमवीए के किसी भी नेता ने मीडिया में आई इन खबरों की पुष्टि नहीं की कि कांग्रेस 105, शिवसेना (यूबीटी) 95 और राकांपा (शरदचंद्र पवार) 84 सीट पर चुनाव लड़ेगी। बाकी सीटें गठबंधन में शामिल छोटी पार्टियों को दी जाएंगी। राज्य में कुल 288 सीट हैं। शिवसेना (यूबीटी) और कांग्रेस के बीच बातचीत में बाधा आने के बाद राज्य कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बालासाहेब थोराट ने पहले राकांपा (शरदचंद्र पवार) अध्यक्ष शरद पवार और फिर शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे से मुलाकात की।

बाद में थोराट और एमवीए के अन्य नेताओं ने फिर से बैठक की, जो एक लक्जरी होटल में पांच घंटे से अधिक समय तक चली। थोराट ने कहा कि एआईसीसी के महाराष्ट्र प्रभारी रमेश चेन्निथला ने उन्हें पवार और ठाकरे से मिलने के लिए कहा था।

छोटी पार्टियों में बेचैनी

वहीं, एमवीए साझेदारों के बीच सीट बंटवारे पर चर्चा जारी रहने के कारण, विपक्षी खेमे के भीतर समाजवादी पार्टी (सपा), आम आदमी पार्टी (आप), वामपंथी दल और पीजेंट एंड वर्कर्स पार्टी (पीडब्ल्यूपी) सहित छोटी पार्टियां बेचैन होती जा रही हैं। विभिन्न दलों के उम्मीदवार टिकट पाने के लिए एमवीए कार्यालयों में उमड़ रहे हैं, क्योंकि नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है, जिसकी अंतिम तिथि 29 अक्टूबर है। सीट आवंटन में लगातार हो रही देरी से चुनाव में उनके प्रदर्शन पर असर पड़ सकता है।

पिछले आम चुनावों में महाराष्ट्र में एमवीए को 48 लोकसभा सीटों में से 31 सीटें मिली थीं, इसलिए छोटी पार्टियां इंडिया गठबंधन के बैनर तले चुनाव लड़ने की इच्छुक हैं। लोकसभा चुनाव में एनडीए को सिर्फ 17 सीटों पर जीत मिली थी। लोकसभा चुनावों में एमवीए के प्रमुख घटक दलों कांग्रेस, शिवसेना (यूबीटी) और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) ने हिस्सा लिया था, वहीं छोटे दलों ने आम चुनाव लड़े बिना ही विपक्षी गठबंधन के प्रचार अभियान का समर्थन कर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी ने 20 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव में 12 सीटों के लिए औपचारिक अनुरोध किया है और पांच निर्वाचन क्षेत्रों के लिए उम्मीदवारों की घोषणा भी कर दी है। सपा के एक नेता ने कांग्रेस की गलतियों पर निराशा व्यक्त की, जिसके बारे में उनका मानना है कि हरियाणा में कांग्रेस की इन्हीं वजहों से हार हुई। उन्होंने तर्क दिया कि सीट बंटवारे के समझौते को कम से कम दो सप्ताह पहले अंतिम रूप दिया जाना चाहिए था। सपा नेता अबू आसिम आजमी ने कहा, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि देश और महाराष्ट्र की दुर्दशा को देखते हुए ये दल अपनी सीटों की मांग में व्यस्त हैं। कांग्रेस, राकांपा (एसपी) और शिवसेना (यूबीटी) को सीट बंटवारे की बातचीत को अंतिम रूप देना चाहिए, अन्यथा हरियाणा जैसा ही हश्र होगा।

Amit Mandal
अमित कुमार मंडलauthor

अमित मंडल टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में न्यूज डेस्क पर Assistant Editor के रूप में काम कर रहे हैं। प्रिंट, टीवी और डिजिटल—तीनों माध्यमों में कुल मिलाकर 15 सालों से अधिक का अनुभव उन्हें खबरों को देखने की व्यापक दृष्टि देता है। ब्रेकिंग न्यूज, लाइव ब्लॉग, स्पेशल स्टोरीज और एक्सप्लेनेर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। एंगल चुनने की कला, खबरों की गति को समझना और समय पर सही जानकारी पहुंचाना—ये उनकी सबसे बड़ी खूबियां हैं। अमित अपने करियर में करीब 20 हजार से अधिक न्यूज आर्टिकल, एनालिसिस और एक्सप्लेनर पब्लिश कर चुके हैं।

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