इलेक्शन

Mainpuri में Mulayam Singh की बहू ने मार लिया मैदान! पर क्या Shivpal Yadav को मिलेगा 'SP में सही मुकाम और सम्मान'?

  • Edited by: अभिषेक गुप्ता
  • Updated Dec 8, 2022, 01:28 PM IST

Mainpuri Bypolls 2022: मैनपुरी लोकसभा सीट सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव के निधन के कारण रिक्त हुई है और यह सपा का गढ़ मानी जाती है। वहां उपचुनाव के तहत इसी महीने पांच दिसंबर को मतदान हुआ था।

Image

भतीजे अखिलेश यादव के साथ एक कार्यक्रम के दौरान चाचा शिवपाल सिंह यादव। (फाइल)

Photo : IANS

Mainpuri Bypolls 2022: उत्तर प्रदेश की मैनपुरी लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में सपा संस्थापक और यूपी के पूर्व सीएम दिवंगत मुलायम सिंह यादव की बहू डिंपल यादव का डंका बजता नजर आया। दरअसल, वोटों की गिनती से जुड़े दोपहर एक बजे तक के ट्रेंड्स में सपा नेत्री अपने नजदीकी प्रतिद्वंदी रघुराज सिंह शाक्य (बीजेपी के) पर एक लाख से अधिक मतों की बेहद मजबूत बढ़त बनाए थीं।

हालांकि, मुलायम की बहू भले ही मैनपुरी में मैदान मारती दिखीं, मगर सबसे बड़ा सवाल यह सामने आया कि अब चाचा शिवपाल सिंह यादव का क्या होगा...उनको क्या मिलेगा? चुनाव में अपना पूरा-दम खम झोंकने वाले प्रसपा नेता मुलायम के रहते तो कभी कुर्सी का हत्था मिला था, पर अब क्या मिलेगा। सियासी गलियारों में अटकल है कि उन्हें सूबे में बड़ी जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है।

मैनपुरी के नतीजों से न सिर्फ डिंपल का सियासी भविष्य तय होगा, बल्कि यह यूपी की सियासत में कुछ समय से सुस्त नजर आ रही सपा के लिए एक किस्म के नाइट्रो बूस्टर जैसा होगा। ऐसा इसलिए, क्योंकि सपा को यह जीत तब मिली है, जब कुछ समय पहले उसे दो सीटों पर हार का सामना करना पड़ा था। ये सीटें- आजमगढ़ और रामपुर थीं। समझा जा रहा है कि सपा का इससे आत्मबल मजबूत होगा।

चर्चा का बाजार गर्म है कि आखिर शिवपाल को क्या मिलेगा? चूंकि, चुनाव के लिए उन्होंने जमकर मेहनत की...ऐसे में कयास है कि उनके बेटे आदित्य यादव को मंच दिलाया जा सकता है। साथ ही अगर सपा चीफ अखिलेश यादव अगर दिल्ली का रुख कर सांसदी का चुनाव लड़ेंगे, तब यूपी की कमान उनको सौंपी जा सकती है। नेता विपक्ष बनाएया जा सकता है। हालांकि, यह महज कयास हैं और इस बाबत सपा की ओर से किसी प्रकार की आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है।

अभिषेक गुप्ता
अभिषेक गुप्ताauthor

छोटे शहर से, पर सपने बड़े-बड़े. किस्सागो ऐसे जो कहने-बताने और सुनाने को बेताब. कंटेंट क्रिएशन के साथ नजर से खबर पकड़ने में पारंगत और "मीडिया की मंडी" में लगभग आठ साल का अनुभव. न्यूज, सिनेमा, बाइक्स और घूमने में दिलचस्पी.

और पढ़ें
End of Article