इलेक्शन

Rajya Sabha Election: राज्यसभा की 12 सीट के लिए कब होंगे चुनाव, देख लें पूरा शेड्यूल

Rajya Sabha Chunav: भारत निर्वाचन आयोग ने राज्यसभा की 12 रिक्त सीटों के लिए अधिसूचना जारी कर दी है। आगामी 3 सितंबर को चुनाव होंगे। नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 26 और 27 अगस्त है। आपको बताते हैं कि किन 9 राज्यों की कौन-कौन सी सीटें खाली हुई हैं।

Image

राज्यसभा की 12 सीट के लिए 3 सितंबर को चुनाव।

KEY HIGHLIGHTS
  • लोकसभा सदस्य चुने गए 10 राज्यसभा सांसदों ने छोड़ी सीट
  • नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 26 और 27 अगस्त
  • राज्यसभा की 12 रिक्त सीटों के लिए जारी हुई अधिसूचना

Rajya Sabha Election Schedule: निर्वाचन आयोग ने बुधवार को कहा कि नौ राज्यों की 12 रिक्त राज्यसभा सीट के लिए तीन सितंबर को चुनाव होगा। केंद्रीय मंत्रियों-पीयूष गोयल, सर्बानंद सोनोवाल और ज्योतिरादित्य सिंधिया समेत मौजूदा सदस्यों के लोकसभा सदस्य निर्वाचित होने के बाद राज्यसभा की दस सीट खाली हो गई थीं।

राज्यसभा की 12 सीट के लिए तीन सितंबर को चुनाव

आयोग ने कहा कि राज्यसभा चुनाव के लिए अधिसूचना 14 अगस्त को जारी की जाएगी और नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त है। प्रत्येक राज्यसभा सीट के लिए तीन सितंबर को अलग-अलग चुनाव होगा और उसी दिन परिणाम घोषित किए जाएंगे। नीचे देखिए, किस सीट पर किस वजह से चुनाव कराए जा रहे हैं।

सदस्यराज्यचुनाव की वजहसदस्यता का कार्यकाल
कामाख्या प्रसाद तासाअसमलोकसभा सदस्य चुने गए14/06/2025
सर्बानंद सोनोवालअसमलोकसभा सदस्य चुने गए09/04/2026
मीसा भारतीबिहारलोकसभा सदस्य चुने गए07/07/2028
विवेक ठाकुरबिहारलोकसभा सदस्य चुने गए09/04/2026
दीपेंद्र सिंह हुड्डाहरियाणालोकसभा सदस्य चुने गए09/04/2026
ज्योतिरादित्य सिंधियामध्य प्रदेशलोकसभा सदस्य चुने गए21/06/2026
उदयनराजे भोसलेमहाराष्ट्रलोकसभा सदस्य चुने गए02/04/2026
पीयूष गोयलमहाराष्ट्रलोकसभा सदस्य चुने गए04/07/2028
केसी वेणुगोपालराजस्थानलोकसभा सदस्य चुने गए21/06/2026
बिप्लब कुमार देबत्रिपुरालोकसभा सदस्य चुने गए02/04/2028
के. केशव रावतेलंगानाइस्तीफा09/04/2026
ममता मोहनताओडिशाइस्तीफा02/04/2026
राज्यसभा चुनाव के निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, उपचुनाव के लिए 21 अगस्त तक नामांकन पत्र भरे जा सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 22 अगस्त को होगी, जबकि 27 अगस्त तक उम्मीदवार नाम वापस ले सकेंगे। अधिकारी ने बताया कि आवश्यक होने पर मतदान तीन सितंबर को सुबह 9 बजे से शाम चार बजे तक होगा तथा मतगणना इसी दिन शाम में होगी।
Ayush Sinha
आयुष सिन्हाauthor

मैं टाइम्स नाउ नवभारत (Timesnowhindi.com) से जुड़ा हुआ हूं। कलम और कागज से लगाव तो बचपन से ही था, जो धीरे-धीरे आदत और जरूरत बन गई। मुख्य धारा की पत्रकारिता से जुड़े हुए 10 साल पूरे हो चुके हैं। लोकसभा चुनाव 2014 से पहले ही मैंने पत्रकारिता की पढ़ाई के बीच में ही देश की राजधानी दिल्ली आने की ठान ली थी। उससे पहले मैंने कभी ये सोचा तक नहीं था कि मैं बनारस बोले तो वाराणसी शहर से बाहर भी जा सकता हूं। जी हां, मेरा नाता काशी से है। जन्म के साथ-साथ शिक्षा दीक्षा भी बनारस में ही हुई। राष्ट्रपिता मोहनदास करमचंद गांधी (बापू) द्वारा स्थापित किए गए विश्वविद्यालय- 'महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ' से मैंने पत्रकारिता में स्नातक किया है। ग्रेजुएशन के दौरान ही विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के अध्यापकों ने बड़ी ही सख्ती से मेरी नक्काशी करने की कोशिश की। ग्रेजुएशन के आखिरी वर्ष आते-आते मैंने दिल्ली की ट्रेन पकड़ी और यहां पहुंच गया। आव देखा न ताव, दिल्ली NCR में बड़े-बड़े मीडिया समूहों के दफ्तरों के बाहर अपना बायोडेटा डाल कर प्रयास में जुट गया। काफी धैर्य के बाद ZEE मीडिया समूह से जुड़ने का मौका मिला। मेरे पत्रकारिता के सफर की शुरुआत टेलीविजन के इनपुट डिपार्टमेंट से हुई। यहां मैं असाइनमेंट डेस्क पर था। कुछ महीनों तक खुद को इस समूह के साथ जोड़े रखने के बाद वर्ष 2015 में मैंने प्रिंट मीडिया का रुख कर लिया और ALL RIGHTS नाम की मैगज़ीन के साथ जुड़ गया। बतौर विशेष संवाददाता (Special Correspondent) मेरे कंधों पर बड़ी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। मैं उन दिनों देशभर के अलग-अलग लोकसभा क्षेत्र के सांसदों, केंद्रीय मंत्रियों और दिल्ली सरकार के विधायकों और मंत्रियों का साक्षात्कार करता था। मैगज़ीन के संपादकीय पृष्ठ के लिए मैं लेख भी लिखता था। राजनीतिक खबरों से लगाव होने के चलते मैंने इस बीट को ही अपना हमसाया बना लिया। मैगजीन के बाद फिर टेलीविजन का रुख किया और इसी साल दोबारा ज़ी मीडिया से जुड़ गया। यहां साढ़े 3 सालों तक काम करने के बाद मैंने डिजिटल मीडिया में कदम रखने की ठान ली। रिपब्लिक भारत की लॉन्चिंग से पहले मुझे इसकी वेबसाइट से जुड़ने का मौका मिला। रिपब्लिक से जुड़ने के साथ ही मैंने दिल्ली छोड़कर मुंबई का रुख कर लिया। समंदर किनारे बसे इस शहर में मैंने डिजिटल पत्रकारिता के गुर को सीखा। इस संस्थान में मुझे रिपोर्टर के तौर पर मौका दिया था। कुछ ही महीने बाद मैं वापस दिल्ली आ गया और मैंने न्यूज़ वर्ल्ड इंडिया में एसोसिएट प्रोड्यूसर और रिपोर्टर की भूमिका में काम किया। चंद महीने बाद ही ज़ी मीडिया समूह के डिजिटल प्लेटफॉर्म पर काम करने का अवसर मिला। ज़ी हिन्दुस्तान के लिए मैंने स्पेशल खबरों पर काम किया और इस समूह का पहला डिजिटल रिपोर्टर बन गया। इसके बाद मुझे वीडियो सेक्शन का हेड बना दिया गया। मैंने चुनावी कवरेज की, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और साथ ही साथ वीडियो सेक्शन को नए शिखर पर पहुंचाने की कोशिश की। मैं कविताएं और किस्से-कहानियां भी लिखता रहता हूं। पढ़ाई के दौरान ही मैंने दो किताबें भी लिखी, एक नॉवेल और दूसरी पोएट्री बुक। पत्रकारिता में रहते हुए मैंने कई "स्टिंग ऑपरेशन" भी किए। मेरे सफर को और भी खूबसूरत बनाने के लिए टाइम्स समूह ने मुझे मौका दिया। मैं जुलाई, 2023 में इस संस्थान से जुड़ा और मुझे मेन डेस्क पर खबरों से दो-चार होते रहने की जिम्मेदारी सौंपी गई। राजनीतिक विश्लेषण के साथ विस्तार से खबरों को परोसता हूं और अपने पाठकों को कुछ नया देने का प्रयास करता हूं।

और पढ़ें
End of Article