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ECI UP By-Election Results 2022: ऐसे चेक करें, मैनपुरी, खतौली, रामपुर के नतीजे

  • Authored by: ललित राय
  • Updated Dec 7, 2022, 12:08 PM IST

Election Commission of India (ECI) By-Election Results 2022 on eci.gov.in, results.eci.gov.in: निर्वाचन आयोग की साइट पर आप मैनपुरी संसदीय, रामपुर विधानसभा उपचुनाव, खतौली विधानसभा उपचुनाव के नतीजों को देख सकते हैं।

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8 दिसंबर को नतीजों का होगा ऐलान

देश के सबसे बड़े सूबे में से एक उत्तर प्रदेश के मैनपुरी लोकसभा उपचुनाव नतीजों पर हर किसी नजर टिकी हुई है। सपा के संरक्षक रहे मुलायम सिंह यादव के निधन के बाद यहां 5 दिसंबर को उपचुनाव कराया गया था। इस उपचुनाव में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष की पत्नी डिंपल यादव चुनावी मैदान में है और बीजेपी ने रघुराज सिंह शाक्य को चुनावी मैदान में उतारा था। यादवलैंड की यह सीट मुलायम सिंह परिवार की थाती रही है। क्या डिंपल यादव जीत के सिलसिले को बरकरार रख पाएंगी या बीजेपी आजमगढ़ और रामपुर की तरह यहां भी कमल खिलाने में कामयाब होगी। सात दिसंबर को नतीजा घोषित होगा। यहां पर हम बताएंगे कि आप किस तरह से नतीजों को सीधे देख सकते हैं। वो कौन प्लेटफॉर्म होगा जहां आप को हर राउंड की जानकारी मिलेगी। https://eci.gov.in/ https://results.eci.gov.in/

भाजपा उम्मीदवार रघुराज सिंह शाक्य जो कभी प्रगतिवादी समाजवादी पार्टी के प्रमुख और अखिलेश यादव के चाचा शिवपाल सिंह यादव के करीबी सहयोगी थे, इस साल की शुरुआत में उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों से पहले भगवा पार्टी में शामिल हो गए। मैनपुरी में करीब 54 फीसद मतदान हुआ था।

रामपुर सदर उपचुनाव

रामपुर सदर में भाजपा ने पार्टी के पूर्व विधायक शिव बहादुर सक्सेना के बेटे आकाश सक्सेना को आजम खां के करीबी आसिम राजा के खिलाफ मैदान में उतारा है। सपा विधायक आजम खान और भाजपा विधायक विक्रम सिंह सैनी को अलग-अलग मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद अयोग्य घोषित किए जाने के बाद चुनाव की आवश्यकता थी। आजम खान को 2019 के अभद्र भाषा के मामले में एक अदालत द्वारा तीन साल के कारावास की सजा सुनाए जाने के बाद अयोग्य घोषित कर दिया गया था।

खतौली उप चुनाव

मुजफ्फरनगर की खतौली में बीजेपी से विक्रम सिंह सैनी की पत्नी राजकुमारी सैनी और आरएलडी के मदन भैया के बीच मुकाबला है।सैनी ने 2013 के मुजफ्फरनगर दंगों के एक मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद विधानसभा की अपनी सदस्यता खो दी थी। खतौली में करीब 56 फीसद मतदान हुआ था। इस चुनाव को लेकर शुरू में तनातनी की खबरें थीं। आरएलडी के नेताओं ने आरोप लगाया था कि प्रशासन, बीजेपी उम्मीदवार को जरूरत से अधिक मदद कर रहा है। आरएलडी की सभाओं में बाधा पहुंचाने की कोशिश की जाती है। लेकिन प्रशासन ने आरोपों को नकार दिया था।

ललित राय
ललित रायauthor

खबरों को सटीक, तार्किक और विश्लेषण के अंदाज में पेश करना पेशा है। पिछले 10 वर्षों से डिजिटल मीडिया में कार्य करने का अनुभव है।

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