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Nana Patekar Education: कितने पढ़े लिखे थे नाना पाटेकर, मुंबई के इस कॉलेज से हासिल की डिग्री

Nana Patekar Death: बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का गोवा में निधन हो गया है। वह 75 वर्ष के थे नाना पाटेकर। जानकारी के अनुसार, हार्ट अटैक की वजह से निधन की बात सामने आ रही है। जानें कितने पढ़े लिखे थे नाना पाटेकर-

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नाना पाटेकर एजुकेशन

Veteran Actor Nana Patekar dies know his education qualification: बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का गोवा में निधन हो गया है। वह 75 वर्ष के थे नाना पाटेकर। जानकारी के अनुसार, हार्ट अटैक की वजह से निधन की बात सामने आ रही है।दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का आज सुबह 5:20 बजे उनके घर पर दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। लगातार 45 मिनट तक CPR देने के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। एक मेडिको-लीगल केस (MLC) दर्ज किया गया है और पोस्टमार्टम किया जाएगा। जानें कितने पढ़े लिखे थे नाना पाटेकर-

नाना पाटेकर ने अपनी शुरुआती स्कूली पढ़ाई समर्थ विद्यालय, मुंबई से पूरी की थी। स्कूल के बाद, उन्होंने मुंबई के प्रसिद्ध सर जे.जे. स्कूल ऑफ आर्ट (Sir J.J. School of Art) और सर जे.जे. इंस्टीट्यूट ऑफ एप्लाइड आर्ट्स (Sir J.J. Institute of Applied Art) में दाखिला लिया। उन्होंने इसी संस्थान से एप्लाइड आर्ट में डिप्लोमा की डिग्री हासिल की। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने कुछ समय तक एक कमर्शियल आर्टिस्ट (विज्ञापन एजेंसी) के रूप में भी काम किया था, जिसे बाद में उन्होंने अभिनय और थिएटर के लिए छोड़ दिया।

नाना पाटेकर का असली नाम

उनका असली नाम विश्वनाथ पाटेकर है। बचपन में उनकी एक छोटी बहन उन्हें प्यार से 'नाना' कहकर बुलाती थी, और बाद में यही नाम उनकी पहचान बन गया। उनके पासपोर्ट और आधार कार्ड पर भी 'नाना पाटेकर' ही दर्ज है।

IIT की पढ़ाई छोड़ने वाली एक्ट्रेस से शादी

नाना पाटेकर ने मराठी फिल्मों की मशहूर अभिनेत्री नीलाकांति पाटेकर से शादी की थी। फिजिक्स में ग्रेजुएशन करने के बाद नीलाकांति ने पिता के कहने पर आईआईटी के लिए एंट्रेंस एग्जाम दिया और पास हो गईं। लेकिन, उन्होंने पढ़ाई छोड़ एक्टिंग में अपना करियर बनाने का फैसला लिया। वह थिएटर में अभिनय करने लगी। उन्होंने मराठी रंगमंच से शुरूआत की और कई सारे पुरस्कार भी जीते। साल 1973 की महाराष्ट्र राज्य नाटक प्रतियोगिता में उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का स्वर्ण पदक मिला था। नीलाकांति को उनकी पहली मराठी फिल्म 'आत्मविश्वास' के लिए पुरस्कार मिला था।

Kuldeep Raghav
कुलदीप राघवauthor

कुलदीप राघव प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों से अधिक अनुभव का रखने वाले पत्रकार हैं। टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में वह एजुकेशन सेक्शन को लीड कर रहे हैं। एजुकेशन सेक्टर की गहरी समझ और लगातार फील्ड-ओरिएंटेड रिपोर्टिंग के कारण कुलदीप इस बीट के भरोसेमंद पत्रकारों में गिने जाते हैं। वे स्कूल और उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाएं, एडमिशन और काउंसलिंग प्रोसेस, स्कॉलरशिप, करियर गाइडेंस, जॉब अलर्ट, स्किल डेवलपमेंट और युवाओं से जुड़े सामाजिक-शैक्षणिक मुद्दों पर तथ्यात्मक और आसान भाषा में खबरें पब्लिश करते हैं। कुलदीप ने अब तक 18,000 से अधिक बाइलाइन स्टोरीज लिखी हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, विश्लेषण, डेटा आधारित रिपोर्ट्स और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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