Mukhyamantri Balika Protsahan Yojana 2026: बिहार सरकार के शिक्षा विभाग ने मुख्यमंत्री बालिका (इंटरमीडिएट उत्तीर्ण) प्रोत्साहन योजना 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस योजना के तहत पात्र छात्राएं अब निर्धारित पोर्टल पर जाकर आवेदन कर सकती हैं। शिक्षा विभाग के अनुसार, आवेदन पोर्टल 25 मई 2026 से खुल चुका है। हालांकि, अभी आवेदन की आखिरी तारीख घोषित नहीं की गई है। ऐसे में छात्राओं को सलाह दी गई है कि वे जल्द आवेदन पूरा कर लें।
मुख्यमंत्री बालिका (इंटरमीडिएट पास) प्रोत्साहन योजना बिहार सरकार द्वारा मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना के अंतर्गत चलाई जा रही एक कल्याणकारी योजना है। इसका उद्देश्य राज्य की अविवाहित छात्राओं को इंटरमीडिएट उत्तीर्ण करने के बाद आर्थिक सहायता देकर उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना है।
निर्देश ध्यान पढ़ना है जरूरी
शिक्षा विभाग ने छात्राओं और अभिभावकों से आवेदन करने से पहले सभी जरूरी निर्देश ध्यान से पढ़ने को कहा है। (Scholarship) पोर्टल पर जिला और संस्थान के अनुसार छात्राओं की जानकारी पहले से अपलोड कर दी गई है। इसलिए छात्राओं को लॉगिन करके अपनी जानकारी जरूर जांचनी होगी।
आवेदन के लिए जरूरी जानकारी
- आवेदन पोर्टल: medhasoft.bihar.gov.in
- पोर्टल 25 मई 2026 से शुरू हो चुका है।
- लॉगिन करने के लिए रजिस्ट्रेशन नंबर और जन्मतिथि की जरूरत होगी।
- छात्राएं इंटरमीडिएट परीक्षा 2026 के कुल अंकों (Full Marks) की मदद से भी लॉगिन कर सकती हैं।
- लॉगिन के बाद बैंक की जानकारी भरनी होगी।

मुख्यमंत्री बालिका प्रोत्साहन योजना 2026
बैंक डिटेल्स में क्या भरना होगा?
- बैंक खाता नंबर
- बैंक शाखा (Branch) का नाम
- IFSC कोड
- आधार नंबर
- शिक्षा विभाग के जरूरी नियम
- बैंक खाता छात्रा के अपने नाम पर होना चाहिए
- बैंक खाता आधार कार्ड से लिंक (Seeded) होना जरूरी है
- खाता राष्ट्रीयकृत बैंक, मान्यता प्राप्त निजी बैंक या इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक की बिहार शाखा में होना चाहिए
- परेशानी होने पर यहां करें संपर्क
अगर आवेदन करते समय किसी तरह की समस्या आती है, तो छात्राएं बिहार सरकार के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकती हैं।
हेल्पलाइन नंबर:
- 8986294256
- 9534547098
- 8298406704
ईमेल: mkuyinter2022@gmail.com
छात्राओं को सलाह दी गई है कि आवेदन करने से पहले सभी जानकारी सही तरीके से जांच लें, ताकि बाद में किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।
