एजुकेशन

CBSE Issues Guidelines: सीबीएसई ने जारी ​किए जरूरी दिशा निर्देश, कक्षा 10वीं 12वीं के छात्र जरूर पढ़ें

CBSE Issues Guidelines For Submission of LoC: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने उन स्कूलों के लिए महत्वपूर्ण दिशानिर्देश जारी किए हैं जो कक्षा 10 (प्रथम परीक्षा) और कक्षा 12 (मुख्य परीक्षा 2025-26) के लिए उम्मीदवारों की सूची (एलओसी) का विवरण प्रस्तुत करेंगे।

Image

सीबीएसई ने जारी किए जरूरी दिशा निर्देश, कक्षा 10वीं 12वीं के छात्र जरूर पढ़ें (image - unsplash)

CBSE Issues Guidelines For Submission of LoC of Class 10, 12: सीबीएसई ने स्कूलों से यह सुनिश्चित करने को कहा है कि छात्र/ माता/पिता/ अभिभावक के नाम की वर्तनी सही हो और स्कूल द्वारा बनाए गए स्कूल रिकॉर्ड/ प्रवेश एवं निकासी रजिस्टर के अनुसार हो। जन्म तिथि (डीओबी) भी सही होनी चाहिए और स्कूल द्वारा बनाए गए स्कूल रिकॉर्ड/ प्रवेश एवं निकासी रजिस्टर के अनुसार होनी चाहिए।

स्कूलों की यह भी जिम्मेदारी होगी कि विषय संयोजन (subject combinations) सही और अध्ययन योजना के अनुसार हों। उन्हें यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि विषय कोड सही ढंग से चुने और भरे गए हों, विशेष रूप से निम्नलिखित विषयों में:

क) कक्षा 10 में:

हिंदी-ए (002), हिंदी-बी (085), उर्दू-ए (003), उर्दू-बी (303), गणित मानक (041), गणित बेसिक (241), आदि।

ख) कक्षा 12 में:

  • हिंदी कोर (302), हिंदी ऐच्छिक (002)
  • अंग्रेजी कोर (301), अंग्रेजी ऐच्छिक (001)
  • संस्कृत कोर (322), संस्कृत ऐच्छिक (022)
  • उर्दू कोर (303), उर्दू ऐच्छिक (003)
  • गणित (041), अनुप्रयुक्त गणित (241), आदि।

ऐसे उम्मीदवार के लिए मांगी जा रही सुविधाओं के लिए डेटा को सीडब्ल्यूएसएन पोर्टल पर भी साथ-साथ अपडेट किया जाना चाहिए। इसके अलावा, यह सुनिश्चित करने के लिए कि स्कूलों और छात्रों को गलत डेटा के कारण कोई समस्या न हो, सीबीएसई ने निम्नलिखित नए उपाय किए हैं:

LOC जमा करने के बाद भी अंतिम तिथि तक सुधार की अनुमति

यदि किसी स्कूल ने डेटा को अंतिम रूप दे दिया है और उसे पता चलता है कि किसी उम्मीदवार का डेटा गलत भरा गया है, तो सीबीएसई ने LOC जमा करने की अंतिम तिथि समाप्त होने से पहले स्कूल को स्वयं ऐसे डेटा को सही करने का अवसर दिया है।

डेटा सत्यापन पर्ची तैयार करना, Generation of Data Verification Slip

LOC अंतिम रूप से जमा करने के बाद, स्कूल प्रत्येक उम्मीदवार के लिए एक डेटा सत्यापन पर्ची तैयार कर सकेंगे और प्रदान कर सकेंगे। यदि उस चरण में किसी भी डेटा में कोई त्रुटि पाई जाती है, तो स्कूल उसे उसी चरण में अपडेट भी कर सकेंगे।

स्कूल प्रशासकों को ध्यान देना चाहिए कि एक बार यह समय सीमा समाप्त हो जाने के बाद, 2025-26 की परीक्षा के लिए सीबीएसई द्वारा छात्र/अभिभावक/जन्मतिथि के नाम में कोई परिवर्तन या विषय सुधार स्वीकार नहीं किया जाएगा।

Neelaksh Singh
नीलाक्ष सिंहauthor

नीलाक्ष सिंह 2021 से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल से जुड़े हैं और एजुकेशन सेक्शन के लिए कंटेंट लिखते हैं। लखनऊ विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने प्रिंट मीडिया में इंटर्नशिप की, जहां फील्ड रिपोर्टिंग, स्टूडेंट-इश्यू बेस्ड ग्राउंड स्टोरीज और सटीक न्यूजराइटिंग की बुनियादी समझ हासिल की। प्रिंट के बाद डिजिटल मीडिया में भी वह एजुकेशन बीट पर ही लगातार काम करते रहे हैं। पत्रकारिता में 10 सालों से सक्रिय नीलाक्ष सिंह 12 हजार से अधिक खबरें लिख चुके हैं। वह एग्जाम अपडेट्स, एडमिशन प्रोसेस, करियर गाइडेंस, स्टूडेंट वेलफेयर, बोर्ड रिजल्ट्स और नीतिगत बदलावों पर गहन और बेहद उपयोगी कंटेंट तैयार करते हैं।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!

संबंधित खबरें