क्राइम

पिता से नाराज हो घर से भागी 13 साल की लड़की, तस्करों ने अपहरण कर 40 साल के मर्द को दिया बेच; 1 महीने बाद शामली में मिली

दिल्ली के भरत नगर इलाके में लगभग एक महीने पहले अपने पिता से झगड़ा के बाद घर से निकली 13 वर्षीय लड़की की कथित तौर पर तस्करी कर उत्तर प्रदेश में शादी करा दी गई और उसके साथ बलात्कार किया गया।

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नाबालिग को बंधन बना 40 साल के मर्द ने की शादी (प्रतीकात्मक फोटो- Canva)

दिल्ली एक 13 साल की लड़की पिता से नाराज होकर जब घर से निकली तो सोच रही होगी कि वो दुनिया जीतकर घर वापस लौटेगी, लेकिन घर से निकलते ही लड़की पर तस्करों की नजर पड़ गई। बहला-फुसलाकर पहले उसका मन जीता और फिर बंधक बनाकर एक 40 साल के मर्द को बेच दिया। जिसके बाद खरीदने वाले शख्स ने लड़की के साथ फर्जी कागज के आधार पर जबरदस्ती शादी कर ली और उसका रेप किया। अब इस मामले में पुलिस ने अपहरण और रेप का केस दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

दिल्ली से भागी थी नाबालिग

दिल्ली के भरत नगर इलाके में लगभग एक महीने पहले अपने पिता से झगड़ा के बाद घर से निकली 13 वर्षीय लड़की की कथित तौर पर तस्करी कर उत्तर प्रदेश में शादी करा दी गई और उसके साथ बलात्कार किया गया। एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। अधिकारी ने बताया कि इस घटना के सिलसिले में शामली के राजीव (40), हापुड़ के विकास (20), मेरठ के आशु (55) और गाजियाबाद के रमनजोत सिंह (24) को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि 21 जुलाई को लापता होने के लगभग एक महीने बाद लड़की को उत्तर प्रदेश के शामली से बचाया गया।

अपहरण, शादी और फिर रेप

पुलिस उपायुक्त (उत्तर-पश्चिम) भीष्म सिंह ने बताया कि उत्तर-पश्चिम दिल्ली के वज़ीरपुर स्थित जेजे कॉलोनी स्थित अपने घर से 21 जुलाई को लड़की ट्यूशन जाने के लिए निकली थी, लेकिन इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। भरत नगर थाने में अपहरण का मामला दर्ज कर उसकी तलाश के लिए एक टीम गठित की गई। डीसीपी सिंह के अनुसार पीड़िता ने पुलिस को बताया कि पिता से झगड़ा होने के बाद वह परेशान होकर घर से निकल गयी और पहले इंद्रलोक मेट्रो स्टेशन फिर वहां से नयी दिल्ली रेलवे स्टेशन गई। उन्होंने बताया कि इसके बाद लड़की ट्रेन से मेरठ पहुंची, जहां उसकी मुलाकात विकास से हुई। डीसीपी ने बताया कि विकास ने उसे फुसलाया और उसे सह-आरोपी आशु के घर में बंधक बना लिया गया और बाद में राजीव नामक व्यक्ति को सौंप दिया गया। राजीव ने लड़की को ‘‘खरीदा’’ था। अधिकारी ने बताया कि इस सौदे को आसान बनाने के लिए एक अन्य आरोपी रमनजोत सिंह ने फर्जी आधार कार्ड तैयार किया, जिसमें लड़की को वयस्क बताया गया। डीसीपी ने कहा, ‘‘लगातार पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्होंने पैसे के लिए लड़की को बेचने की साजिश रची थी। पीड़िता के बयान से घटनाक्रम की पुष्टि हुई और लड़की को समझाने-बुझाने के बाद उसे उसके परिवार के पास भेज दिया गया।’’

एक फोन कॉल ने बचाई जिंदगी

इस बीच, लड़की के परिजनों को एक अनजान नंबर से फोन आया। हालांकि, परिवार द्वारा संपर्क करने पर एक महिला ने बताया कि उसकी बहू ने गलती से इस नंबर पर फोन कर दिया था और फिर इसके बाद फोन काट दिया गया। डीसीपी ने बताया कि नंबर की लोकेशन शामली में पाई गई और 16 अगस्त को स्थानीय पुलिस की मदद से लड़की को राजीव के घर से मुक्त कराया गया।

ऐसे तैयार किया फर्जी आधार कार्ड

पुलिस ने बताया कि जांच में पता चला कि गाजियाबाद में साइबर कैफे चलाने वाले रमनजोत ने ऑनलाइन ‘पीडीएफ एडिटिंग’ ऐप के जरिए पीड़िता का जाली आधार कार्ड तैयार किया था। आरोपियों के पास से जाली दस्तावेज और साजिश में इस्तेमाल किए गए चार मोबाइल फोन जब्त कर लिए गए हैं।

उन्होंने बताया कि सभी चार आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान के लिए जांच जारी है।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

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