अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने पहले 'धमाके' के बाद रुतुराज गायकवाड़ ने इस बयान से भरी हुंकार

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jun 15, 2022, 11:57 AM IST

IND vs SA 3rd T20I, Ruturaj Gaikwad post match statement: टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका को तीसरे टी20 मैच में शिकस्त देकर सीरीज में अपनी उम्मीदें जिंदा रखीं। इसकी एक वजह रुतुराज गायकवाड़ भी रहे।

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने पहले 'धमाके' के बाद रुतुराज गायकवाड़ ने इस बयान से भरी हुंकार
Photo Credit: AP

जब रुतुराज गायकवाड़ आईपीएल 2020 में मैदान पर उतरे तो उन्होंने पहली ही बार में अपनी पहचान बनाते हुए चेन्नई सुपर किंग्स के ओपनर की जगह अपने नाम कर ली थी। इसके बाद आईपीएल 2021 में उनका बल्ला और जोर से गरजा और उन्होंने सर्वाधिक रन बनाकर सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार भी जीत लिया। ऐसे में भारतीय क्रिकेट टीम में उनकी सीधी एंट्री होनी ही थी, लेकिन टीम इंडिया के लिए वो 5 टी20 मैचों तक संघर्ष करते दिखे तो आलोचनाएं सामने आने लगीं। लेकिन मंगलवार को इस बल्लेबाज ने फिर अपना जलवा दिखाया और साथ ही जीत के बाद अपने बयान से काफी कुछ साफ कर दिया।

मंगलवार को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए तीसरे टी20 में रूतुराज ने फिर से लय में वापसी की और 57 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेलकर भारत को शानदार शुरुआत दी। टीम इंडिया ने इस मैच में 180 रनों का लक्ष्य दिया और बाद में मैच 48 रन से जीता। अहम भूमिका निभाने वाले रूतुराज अपनी आईपीएल फॉर्म को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में तब्दील नहीं कर सके हैं लेकिन वो इससे ज्यादा चिंतित भी नहीं है क्योंकि उनके लिये ‘मानसिक रूप से निरंतर बने रहने’ के साथ ‘प्रक्रिया पर भरोसा’ रखना मायने रखता है।

ये खेल का हिस्सा है

महाराष्ट्र के इस खिलाड़ी ने 36 आईपीएल मैचों में अभी तक 1207 रन बनाये हैं लेकिन 25 साल का यह खिलाड़ी छह ट्वेंटी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में महज 120 रन ही जुटा सका है जिसमें एकमात्र अर्धशतक मंगलवार को यहां दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीसरे टी20 में बना। ये पूछने पर कि क्या इससे वह परेशान हैं तो गायकवाड़ ने कहा, ‘‘नहीं परेशान नहीं हूं, यह खेल का हिस्सा होता है।" उन्होंने कहा, "पिछला साल मेरे लिये काफी अच्छा रहा था इसलिये लोगों को काफी उम्मीदें थी क्योंकि जब आपका आईपीएल और घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन शानदार रहा तो ऐसा होता है।"

आईपीएल और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट

इस साल आईपीएल में हालांकि उनकी फॉर्म उतार चढ़ाव भरी रही लेकिन आखिर में उन्होंने वापसी की जिससे चेन्नई सुपर किंग्स के लिये 14 मैचों में तीन अर्धशतक से 368 रन बनाने में सफल रहे। उन्होंने कहा, "आईपीएल में विकेट थोड़ा गेंदबाजों के मुफीद था। वहां कोई सपाट विकेट नहीं था, गेंद टर्न कर रही थी और इसमें कुछ स्विंग भी थी।" गायकवाड़ ने कहा, ‘‘इसलिये आईपीएल में तीन-चार मैचों में मैं कुछ में अच्छी गेंदों पर आउट हुआ, कुछ अच्छे शॉट क्षेत्ररक्षकों के हाथ में चले गये तो यह सब टी20 क्रिकेट का हिस्सा है।"

कुछ दिन अच्छे, कुछ दिन खराब

गायकवाड़ ने कहा, ‘‘आपके लिये कुछ दिन अच्छे नहीं होते और कुछ दिन वास्तव में खराब होते हैं। लेकिन इसमें मानसिक रूप से निरंतर बने रहना और अपनी प्रक्रिया पर भरोसा बनाये रखना अहम होता है।’’ पहले दो मैचों में गायकवाड़ ने 23 और 01 रन बनाये जिससे सलामी बल्लेबाज के तौर पर उनकी क्षमता पर सवाल उठने लगे। हालांकि उन्होंने तब अच्छी पारी खेली जब टीम को सबसे ज्यादा जरूरत थी ताकि टीम श्रृंखला में बनी रहे। उन्होंने 35 गेंद में सात चौके और दो छक्के से 57 रन बनाये।

उन्होंने कहा, ‘‘श्रृंखला के शुरूआती दो मैचों में विकेट थोड़ा कठिन था। पिछले दो मैचों में पहले बल्लेबाजी में यह आसान नहीं था लेकिन यहां का विकेट अच्छा था, गेंद बल्ले पर आ रही थी इसलिये मैंने अपना ‘गेम’ खेला।’’ गायकवाड़ ने कहा, ‘‘मैंने कुछ भी नहीं बदला, मेरी सोचने की प्रक्रिया, सबकुछ समान थी।’’ उनके, ईशान किशन (54) और भारतीय गेंदबाजों, खासतौर पर हर्षल पटेल (4 विकेट) और चहल (3 विकेट) के दम पर टीम इंडिया ने सीरीज में वापसी कर ली है। अब द.अफ्रीका 2-1 से आगे है। अगले दो मैचों में रुतुराज का प्रदर्शन पर सबकी नजरें होंगी।

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