शहर

Google Maps पर नहीं दिख रहा Delhi Dehradun Expressway, क्या करूं?

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे आम जनता के लिए खुल चुका है। आप भी इस वीकेंड फर्राटा मारने की सोच रहे हैं तो Google Maps से जुड़ी ये जानकारी आपके लिए बेहद जरूरी है। जानें -

Image

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर धोखा दे Maps तो क्या करें?

क्या आप भी इस वीकेंड Delhi Dehradun Expressway पर फर्राटा मारते हुए देहरादून और मसूरी की वादियों में जाने का प्लान बना रहे हैं। अगर ऐसा है तो आप अकेले नहीं हैं। आप जैसे बहुत से लोग हैं जो इस वीकेंड दिल्ली देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का इस्तेमाल करने की योजना बना रहे हैं। हो भी क्यों नहीं, इस महत्वपूर्ण रोड कॉरिडोर के उद्घाटन के बाद दूसरा वीकेंड आने वाला है। जब योजना बना ही ली है तो इस बात का भी ध्यान रखें कि दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर आपकी गाड़ी का मैप या फोन का ऑनलाइन मैप धोखा दे सकता है। अगर ऐसा है तो फिर क्या करें? चलिए जानते हैं -

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर सफर करते हुए अभी आपको सावधान रहने की जरूरत है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14 अप्रैल को दिल्ली देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का उद्घाटन कर चुके हैं। एक्सप्रेसवे पर गाड़ियां फर्राटा भी मार रही हैं, ऑनलाइन मैप पर पूरा रूट अब भी अपडेट नहीं हुआ है। इससे सबसे ज्यादा परेशानी आप जैसे लोगों को हो रही है, जो अपनी गाड़ी लेकर ढाई घंटे में देहरादून पहुंचने का टार्गेट लेकर चल रहे हैं।

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर क्यों भटक रहे यात्री

इस वीकेंड पर आप दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर फर्राटा मार रहे होंगे तो आपको कई दिक्कतें आ सकती हैं। इसमें कभी मैप आपको देहरादून पहुंचने से पहले ही एक्सप्रेसवे से एक्जिट करने का इशारा भी कर सकता है। पूरा रूट Google Maps पर दिख तो रहा है, लेकिन यात्रियों को अब भी इंटरचेंज, पेट्रोल पंप और रेस्ट एरिया की सटीक जानकारी नहीं मिल पा रही है। रेस्ट एरिया की जानकारी मैप पर नहीं होने के चलते यात्रियों को जब कुछ पल आराम या चाय-नाश्ते की जरूरत महसूस होती है तो उन्हें पुराने रास्तों पर लौटना पड़ रहा है।

साइन बोर्ड पर करें भरोसा

इसलिए अगर आप दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल करके देहरादून और दिल्ली के बीच आवाजाही कर रहे हैं तो सलाह दी जाती है कि डिजिटल मैप पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। इसकी बजाय एक्सप्रेसवे पर जगह-जगह लगे साइनबोर्ड और स्थानीय दिशा-निर्देशों का पालन करें।

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे रूट न दिखे तो क्या करें?

कई लोगों को डिजिटल मैप पर दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का रूट ही नहीं दिखने की भी शिकायत है। इसकी बजाय उन्हें पुराने रूट दिखा रहा है, जहां से सफर में 4-5 घंटे का समय लगता है। ऐसा अक्सर तब भी होता है, जब आपका फोन और ऐप अपडेट न हो। इसके अलावा अगर आपको अपने Google Maps की सेटिंग भी चेक करने की सलाह दी जाती है। क्योंकि कई बार सेटिंग्स में Avoid Tolls का ऑप्शन ऑन होता है। क्योंकि दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर टोल की वसूली होती है, इसलिए इस सेटिंग के साथ मैप इस रूट को भी नहीं दिखाता है।

Delhi dehradun expressway night

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर साइन बोर्ड के सहारे चलें

नया रूट Google Maps पर कैसे आता है

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे जैसे नए रूट के शुरू होने के बाद उसके Google Maps पर आने में समय लगता है और इसके लिए कई औपचारिकताएं भी होती हैं। नए रूट को मैप्स पर जोड़ने में सैटेलाइट डाटा, ग्राउंड सर्वे, एंट्री एग्जिट की पुष्टि और कई तकनीकी टेस्ट भी शामिल होते हैं। क्योंकि दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे चरणबद्ध तरीके से खुल रहा है, इसलिए सभी एंट्री-एग्जिट के साथ पूरी कनेक्टिविटी फाइनल होने के बाद भी ऑनलाइन मैप पूरी तरह से अपडेट होगा।

जो एंट्री-एग्जिट, इंटरचेंज और टोल बूथ अभी चालू नहीं हुए हैं उन्हें चालू करने के लिए तेजी से काम चल रहा है। हालांकि, दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे के शुरू होने से दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे जैसे पुराने हाईवे पर ट्रैफिक का दबाव कम हो गया है। पुराने हाईवे के टोल प्लाजा पर टोल की वसूली पर भी काफी असर पड़ा है।

Digpal Singh
दिगपाल सिंहauthor

दिगपाल सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सिटी टीम को लीड कर रहे हैं। शहरों से जुड़ी ताजाखबरें, लोकल मुद्दे, चुनावी कवरेज और एक्सप्लेनर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। 2006 से पत्रकारिता में सक्रिय दिगपाल सिंह को प्रिंट और डिजिटल दोनों माध्यमों में काम करने का अनुभव है। दोनों प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए उन्होंने ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग से लेकर सेंट्रल डेस्क पर बड़ी खबरों की हैंडलिंग तक हर स्तर पर अनुभव हासिल किया है। अब तक 30,000 से अधिक खबरें लिख चुके दिगपाल हाइपर-लोकल न्यूज की बारीकियों, शहरों की समस्याओं और लोगों से जुड़े वास्तविक मुद्दों को समझने की विशेष क्षमता रखते हैं।

और पढ़ें
End of Article