वाराणसी

Varanasi Airport: वाराणसी में अब मौसम के‌ कारण विमानों की लैंडिंग नहीं होगी प्रभावित, कम विजिबिलिटी में भी उतरेंगे विमान

  • Reported by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 14, 2022, 03:42 PM IST

Varanasi Airport News : वाराणसी एयरपोर्ट पर अब खराब मौसम की वजह से फ्लाइट की लैंडिंग प्रभावित नहीं होगी। एयरपोर्ट पर इसको लेकर आईएलएस का संचालन किया जाएगा। इसी हफ्ते से एयरपोर्ट पर यह सुविधा बहाल हो जाएगी। समय पर विमानों की लैंडिंग से यात्रियों के समय की बचत होगी।

Image

वाराणसी एयरपोर्ट पर अब कम विजिबिलिटी में भी विमान लैंड कर सकेगा

Photo : Twitter
KEY HIGHLIGHTS
  • नागर विमानन महानिदेशालय ने एयरपोर्ट अथॉरिटी को आईएलएस के इस्तेमाल की दी मंजूरी
  • आईएलएस के कारण फ्लाइट अब 900 मीटर की विजिबिलिटी में भी लैंड कर सकेगी
  • ठंड के मौसम में कोहरे के कारण फ्लाइट की लैंडिंग होती है प्रभाावित

Varanasi News: वाराणसी एयरपोर्ट पर एक अत्याधुनिक सुविधा बहाल हो गई है। इसके तहत लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे (वाराणसी एयरपोर्ट) पर अब खराब मौसम में भी फ्लाइट लैंड कर सकेगी। यहां पर नए इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (आईएलएस) के संचालन की स्वीकृति मिल गई है। नागर विमानन महानिदेशालय ने एयरपोर्ट अथॉरिटी को यह मंजूरी दी है। इसके बाद 15 दिसंबर से यह प्रणाली एयरपोर्ट पर काम करने लगेगी। इस आईएलएस के कारण एयरपोर्ट पर फ्लाइट 900 मीटर की विजिबिलिटी में लैंड कर सकेगी।

बता दें, एयरपोर्ट पर पुराने इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम की अवधि पूरी होने पर अप्रैल 2022 में करीब 4 करोड़ रुपए से इंस्ट्रूमेंट लगाए गए थे। हालांकि डायरेक्टरेट ऑफ सिविल एविएशन (डीजीसीए) से इसके इस्तेमाल की मंजूरी नहीं मिलने के कारण कोहरे और खराब मौसम में पूरी तरह से फ्लाइट का संचालन नहीं हो रहा था। अब ठंड का मौसम आने पर इसकी मंजूरी मिलने से एयरपोर्ट प्रबंधन की एक बड़ी समस्या हल हो गई है।

एयरपोर्ट प्रबंधन और यात्रियों को भी फायदा

वाराणसी एयरपोर्ट के निदेशक अर्यमा सान्याल का कहना है कि, इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम के संचालन होने से खराब मौसम के कारण फ्लाइट की लैंडिंग प्रभावित नहीं होगी। सभी फ्लाइट अपने तय समय पर लैंड करेगी, जिससे यात्रियों का समय बचेगा। इसके साथ ही एयरपोर्ट प्रबंधन को भी फायदा होगा। दरअसल, खराब मौसम के कारण जब कोई फ्लाइट तय समय पर लैंड नहीं कर पाती तो उसकी वजह से दूसरी फ्लाइट भी प्रभावित होती है। जब फ्लाइट अपने-अपने निर्धारित समय पर लैंड करेगी तो दूसरी फ्लाइट प्रभावित नहीं होगी।

कोहरे के कारण प्रभावित होती है लैंडिंग

ठंड के मौसम में कोहरे के कारण फ्लाइट की लैंडिंग प्रभावित होने लगती है। खासतौर पर दिसंबर के अंतिम हफ्ते से जनवरी के आखिरी हफ्ते तक एयरपोर्ट के रनवे पर विजिबिलिटी बेहद कम हो जाती है, जिसकी वजह से फ्लाइट की लैंडिंग देर से करनी पड़ती है या कई बार नजदीकी एयरपोर्ट पर लैंड कराना पड़ता है। ऐसे में यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ती है। कई बार इस समस्या को लेकर एयरपोर्ट पर यात्रियों ने हंगामा भी किया है। वैसे, अब लगभग देश के सभी बड़े एयरपोर्ट पर यह सुविधा बहाल हो गई है, जिस कारण कम विजिबिलिटी में भी फ्लाइट लैंड करती है।
टाइम्स नाउ नवभारत
टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटलauthor

अक्टूबर 2017 में डिजिटल न्यूज़ की दुनिया में कदम रखने वाला टाइम्स नाउ नवभारत अपनी एक अलग पहचान बना चुका है। अपने न्यूज चैनल टाइम्स नाउ नवभारत की सोच एवं नजरिए के साथ आगे बढ़ते हुए यह न्यूज़ प्लेटफॉर्म आम लोगों से जुड़े मुद्दों का गहराई से विश्लेषण एवं उसे आसान भाषा में पेश करता आया है। राजनीति से लेकर खेल, मनोरंजन, कारोबार और आम लोगों के जीवन पर असर डालने वालीं खबरों का मायने समझाते हुए यह डिजिटल प्लेटफॉर्म लोगों के भरोसे पर खरा उतरा है। \n\nसाथ ही यह अपने न्यूज़ चैनल पर दिखाए जाने वाली खबरों, शोज, स्पशेल कार्यक्रमों एवं रिपोर्टों को पेश करता है। चैनल के ये कार्यक्रम एवं शोज देश-दुनिया के घटनाक्रमों पर एक नया एवं विश्वसनीय नजरिया देते हैं। अपनी खबरों एवं विश्लेषण के चलते पसंदीदा न्यूज़ प्लेटफॉर्म बन चुका टाइम्स नाउ नवभारत, डिजिटल लोगों के भरोसे को लगातार मजबूत कर रहा है।

और पढ़ें
End of Article