Raebareli News: रायबरेली जिले के महाराजगंज तहसील में दूषित पेयजल का गंभीर मामला सामने आया है। नगर पंचायत क्षेत्र के लोग लंबे समय से गंदा पानी पीने को मजबूर थे, जबकि नगर पंचायत की ओर से लगातार पानी को 'ऑल वेल' बताया जा रहा था। यहां भी हालात इंदौर जैसे बिगड़ सकते थे लेकिन गनीमत रही कि स्थानीय लोग पहले ही तहसील दिवस पर दूषित पानी की बोतलें लेकर पहुंच गए और प्रशासन को हकीकत से रूबरू कराया।
जिलाधिकारी के निर्देश पर मौके पर पहुंचे अधिकारी
तहसील दिवस के दौरान शिकायत मिलते ही जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने मामले को गंभीरता से लिया और तत्काल ADM प्रशासन सिद्धार्थ कुमार को मौके पर भेजा। ADM ने नगर पंचायत क्षेत्र में पहुंचकर पेयजल आपूर्ति व्यवस्था की जांच कराई।
जांच में सामने आया सीवर और पानी की लाइन का लीकेज
जांच के दौरान नगर पंचायत की बड़ी लापरवाही सामने आई। ADM प्रशासन की मौजूदगी में यह स्पष्ट हुआ कि सीवर लाइन के पास से गुजर रही पेयजल सप्लाई लाइन में लीकेज था, जिसकी वजह से गंदा पानी लोगों के घरों तक पहुंच रहा था। बताया जा रहा है कि यह पाइपलाइन करीब 1980 के दशक की है और काफी पुरानी होने के कारण इसमें लीकेज हुआ।
टैंकरों से सप्लाई शुरू
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पूरे इलाके की पानी की सप्लाई तुरंत बंद करा दी गई। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र में साफ पानी के लिए टैंकरों की व्यवस्था कराई है। साथ ही जल निगम और नगर पंचायत की टीम को लीकेज ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं। ADM प्रशासन ने बताया कि एहतियातन क्षेत्र में हेल्थ कैंप भी लगाया गया है, ताकि दूषित पानी से किसी तरह की बीमारी फैलने पर तुरंत इलाज किया जा सके। फिलहाल किसी के बीमार होने की पुष्टि नहीं हुई है।
जल्द मिलेगी लोगों को राहत
ADM सिद्धार्थ कुमार ने कहा कि लीकेज की पहचान कर ली गई है और खुदाई कर पाइपलाइन को दुरुस्त किया जा रहा है। जब तक मरम्मत पूरी नहीं होती, तब तक लोगों को स्वच्छ पानी टैंकरों के जरिए उपलब्ध कराया जाएगा। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि जल्द ही दूषित पानी की समस्या से पूरी तरह निजात मिलेगी।
