Begusarai News: बिहार के बेगूसराय जिले में बाढ़ की स्थिति लगातार भयावह होती जा रही है। रविवार तक जिले के कई ब्लॉक में बाढ़ के पानी में डूबने से मां-बेटी समेत सात लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। सबसे अधिक तीन मौतें शाम्हो ब्लॉक में हुईं, जबकि बछवाड़ा, साहेबपुरकमाल, मटिहानी और बरौनी ब्लॉक में एक-एक व्यक्ति की जान चली गई।
शाम्हो ब्लॉक के धनहा गांव में एक सात वर्षीय बच्ची के नहाने के दौरान डूबने लगी। उसे बचाने के प्रयास में उसकी मां वंदना कुमारी भी पानी में कूद गई। मगर बाढ़ के पानी का बहाव इतना तेज था कि दोनों ही डूब गए। स्थानीय लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद मां-बेटी के शव को बाहर निकाला। इसी ब्लॉक के अकबरपुर बरारी पंचायत के बिजुलिया ग्राम में धीरज कुमार (30 वर्ष), पिता श्याम सुंदर सिंह, बाढ़ के पानी में डूब गए। धीरज का शव भी ग्रामीणों की मदद से बरामद किया गया।
बछवाड़ा के दादुपुर पंचायत अंतर्गत श्रवण टोल वार्ड संख्या 14 में एक गड्ढे में भरे बाढ़ के पानी में डूबने से अशोक यादव (38 वर्ष), पिता महेंद्र यादव की मौत हो गई। वह स्थानीय निवासी थे और हादसे के समय वह खेत की ओर जा रहे थे। विद्यापति नगर सीमावर्ती क्षेत्र के मऊ अखाड़ा घाट पर स्नान के दौरान संजय साह (35 वर्ष), निवासी तेघड़ा, गंगा बाया नदी में डूब गए। काफी देर बाद उनका शव बाहर निकाला गया।
रामदीरी भवानंदपुर टोला निवासी 86 वर्षीय जगदीश सिंह रविवार सुबह गंगा नदी की बाढ़ के पानी में डूब गए। वृद्धावस्था और तेज बहाव उनके लिए जानलेवा साबित हुआ।
सलेमाबाद दियारा गांव में दो वर्षीय अंजलि कुमारी, पिता रामकृपाल यादव, जो समस्तीपुर पंचायत के मथार दियारा गांव की निवासी थी, बाढ़ के पानी में डूब गई। अंजलि अपनी नानी मुन्ना यादव के घर आई थी। चकिया थाना क्षेत्र के रुपनगर गांव में रविवार को गंगा स्नान के दौरान 21 वर्षीय गौतम पासवान, पिता भुखन पासवान, निवासी वार्ड संख्या 05, सिमरिया-दो पंचायत, की डूबने से मौत हो गई।
शाम्हो के जिला पार्षद अमित कुमार ने बताया कि बाढ़ की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। प्रशासन को तत्काल राहत और बचाव कार्यों को तेज करने की आवश्यकता है। मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा और सहायता दी जानी चाहिए। बाढ़ प्रभावित इलाकों में प्रशासन ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और बाढ़ के पानी में न उतरें।
