Patna News: पटना नगर निगम क्षेत्र की 22 किलोमीटर लंबी नदी की साफ-सफाई व्यवस्था बेहतर होनी है। अशोक राजपथ से पटना सिटी तक गंगा नदी तट पर बसे मोहल्लों से प्रदूषित पानी नदी में गिर रहा है, जिस पर रोक लगाई जाएगी। पटना नगर निगम का चयन सेकंड राष्ट्रीय गंगा नदी बेसिन परियोजना में हुआ है। पटना नगर निगम क्षेत्र में 93 गंगा घाट हैं। इन घाटों पर कूड़ा-कचरा समेत आसपास से नाला-नाली के जरिए प्रदूषित पानी जा रहा है। अब परियोजना के तहत ऐसे शहरों का चयन हुआ है, जिनकी स्वच्छता सर्वेक्षण रैंकिंग में सुधार हुआ था।
नगर निगम द्वारा 8 जगहों पर डीपीएस का ऑटोमेशन करने के लिए प्रस्ताव भेजा गया था। इसके लिए 11.49 करोड़ रुपए मंजूर हुए हैं। परियोजना के तहत स्काडा सॉफ्टवेयर के जरिए 8 डीपीएस की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जानी है। शहर के 42 ड्रेनेज पंपिंग स्टेशन की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी। मानसून के दौरान विशेष निगरानी करनी है।
