नोए़डा में बिना मान्यता प्राप्त के चल रहे 14 स्कूलों को गौतम बौद्ध नगर जिला प्रशासन ने बंद करने का आदेश का जारी किया है। बताया जा रहा है कि यह 14 स्कूलें 'मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा अधिकार अधिनियम, 2009' का उल्लंघन कर रहे है, जिसके बाद प्रशासन ने बुधवार को इसे बंद करने का आदेश जारी कर दिया।
वहीं, जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) धर्मवीर सिंह ने कहा कि अधिकांश स्कूल, जिनमें 12वीं कक्षा तक के छात्र नामांकित हैं, नोएडा के गांवों में हैं। उन्होंने कहा कि यूपी सरकार ने हाल ही में स्कूलों का सर्वेक्षण कराया था। इस सर्वेक्षण के जरिए यह पता लगाया जा सकें, कि संस्थान बच्चों के 'मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा अधिकार अधिनियम, 2009' का उल्लंघन तो नहीं कर रहे। हालांकि इसके बाद प्रशासन ने सर्वेक्षण में अवैध पाए जाने वाले इन 14 स्कूलों को बंद करने का आदेश जारी कर दिया।
हालांकि, धर्मवीर सिंह ने कहा कि कानून के मुताबिक, औपचारिक शिक्षा प्रदान करने के लिए किसी भी इकाई के लिए उसका राज्य अधिकारियों के द्वारा मान्यता प्राप्त होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि 'जिले में सर्वेक्षण के दौरान, 14 ऐसे स्कूल कानून का उल्लंघन करते हुए पाए गए और आज, उन्हें तत्काल प्रभाव से स्कूल बंद करने का आदेश जारी किया गया है। वे गैर-कानूनी रूप से और अधिकारियों से बिना मान्यता प्राप्त किए कक्षाएं चला रहे थे।'
वहीं, सिंह ने कहा कि "एक स्कूल की ओर से गंभीर खामियां हुई हैं और मैंने अपने विभाग को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देश जारी किए हैं कि उसके खिलाफ पुलिस में एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।"
अधिकारियों ने कहा कि गौतम बुद्ध नगर जिले के नोएडा और ग्रेटर नोएडा में सीबीएसई, आईसीएसई और उत्तर प्रदेश बोर्ड से संबद्ध स्कूलों सहित 2,000 से अधिक मान्यता प्राप्त स्कूल कार्यरत हैं।
