Baba Siddiqui Murder Case: एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या के मास्टरमाइंड जीशान अख्तर को कनाडा पुलिस ने हिरासत में लिया है। मुंबई पुलिस सूत्रों का दावा है कि उन्हें पता है कि जीशान फिलहाल कनाडा पुलिस की हिरासत में है। जीशान लॉरेंस बिश्नोई गैंग का सदस्य है और बाबा सिद्दीकी की हत्या में शामिल शूटरों का हैंडलर था। जीशान अख्तर मूल रूप से जालंधर का रहने वाला है और 12 अक्टूबर 2024 को मुंबई के बांद्रा इलाके में एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या में शामिल प्रमुख साजिशकर्ताओं में से एक है।
लॉरेंस गैंग का है हैंडलर
जालंधर निवासी जीशान अख्तर जिसका असली नाम मोहम्मद यासीन अख्तर है, को पंजाब पुलिस ने 2022 में गिरफ्तार किया था। बाबा सिद्दीकी की हत्या की चल रही जांच में जीशान अख्तर का नाम सामने आया था। वह मुख्य रूप से तीन शूटरों धर्मराज कश्यप, गुरमेल बलजीत सिंह और शिवकुमार गौतम का हैंडलर था। जीशान अख्तर पर जालंधर पुलिस ने पहले ही कई मामलों में केस दर्ज कर रखा था। जीशान अख्तर और गुरमेल सिंह कभी पंजाब के जालंधर में जेल में साथ रह चुके थे।
अख्तर को जालंधर की दूसरी जेल में ट्रांसफर कर दिया गया था, लेकिन उससे पहले उसने गुरमेल सिंह से सिद्दीकी हत्याकांड के बारे में चर्चा की थी और फिर उससे कहा था कि वह जल्द ही उसके लिए कोई काम लेकर आएगा। पुलिस द्वारा दर्ज चार्जशीट और जांच के मुताबिक, पता चला है कि जीशान अख्तर लॉरेंस बिश्नोई का बेहद करीबी है।
बाबा सिद्दीकी की हत्या की सुपारी दी
माना जा रहा है कि पिछले साल मई के महीने में जीशान अख्तर और शुभम लोनकर को बाबा सिद्दीकी की हत्या की जिम्मेदारी दी गई थी। उसी ने बाबा सिद्दीकी की हत्या की पूरी साजिश रची। शूटरों के लिए जरूरी हथियार और रहने की व्यवस्था करने में मदद करने के बाद वे हत्या से करीब एक महीने पहले मुंबई से चले गए। पंजाब की जेल में रहते हुए जीशान अख्तर ने लॉरेंस बिश्नोई के गिरोह से संपर्क स्थापित किया, जिसने उसे बाबा सिद्दीकी की हत्या की सुपारी दी।
जेल से रिहा होने के बाद जीशान अख्तर बाबा सिद्दीकी हत्याकांड के आरोपी गुरमेल से मिलने हरियाणा के कैथल गया। इसके बाद वह गुरमेल, धर्मराज और शिवकुमार गौतम को मुंबई ले आया और उनके रहने का इंतजाम किया।
