लखनऊ

लखनऊ से अच्छी खबर: मरीजों को घर के पास मुफ्त में मिलेगा इलाज, इन क्षेत्रों में बनेंगे हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jan 18, 2023, 01:55 PM IST

Health and Wellness Center: राजधानी लखनऊ के लोगों के लिए अच्छी खबर है। अब रोगियों को अस्पतालों में इलाज के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। अब रोगियों को घर के पास ही इलाज मिलेगा, इलाज भी फ्री में होगा। यहां जांच और दवा की सुविधा भी मिलेगी। दरअसल, नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) ने लखनऊ में 108 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोलने की मंजूरी दे दी है।

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लखनऊ में मरीजों को जल्द घर के पास मिलेगा इलाज

KEY HIGHLIGHTS
  • लखनऊ में अब मरीजों को घर के पास ही मिलेगा मुफ्त इलाज
  • इस महीने से शुरू होगी जांच और दवा की सुविधा
  • हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोलने की कवायद शुरू

Health and Wellness Center: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के मरीजों को घर के पास ही मुफ्त इलाज मुहैया कराने की कवायद आखिरी दौर में चल रही है। इस महीने से मरीजों को हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में उपचार मिलेगा। इसकी पूरी तैयारी कर ली गई हैं। अधिकारियों ने भी जनवरी के आखिरी सप्ताह तक सेंटरों में उपचार की सुविधा शुरू होने की उम्मीद जताई है। नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) की ओर से लखनऊ में 108 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोलने को मंजूरी दी है। सीएमओ की ओर से सेंटर खोलने की कवायद आखिरी दौर में है।

सीएमओ डॉ. मनोज अग्रवाल के अनुसार, हर एक सेंटर में एक एमबीबीएस डॉक्टर की तैनाती की जाएगी। इसके लिए इंटरव्यू हो चुके हैं। 20 जनवरी तक इंटरव्यू का परिणाम जारी किया जा सकता है। यहां मरीजों को डॉक्टर की सलाह, जांच और दवा फ्री में उपलब्ध कराई जाएगी।

हेल्थ पोस्ट सेंटर में रोगियों की भीड़

इसके अलावा अन्य पैरामेडिकल स्टाफ भी तैनात किया जाएगा। कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर भी हर एक सेंटर पर तैनात किए जाएंगे। यहां से मरीजों को बड़े अस्पतालों में भी रेफर किया जा सकेगा। सीएमओ के अनुसार, मरीजों को घर के पास ही इलाज मिलेगा। बड़े अस्पतालों में भी मरीजों का दबाव कम होगा। संक्रामक रोग फैलने की दशा में तुरंत रोकथाम की कार्रवाई की होगी। संक्रामक रोगों के लिए संवेदनशील इलाकों में प्राथमिकता के आधार पर हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर खोले जा रहे हैं। गली-मोहल्लों में हेल्थ पोस्ट सेंटर सुबह आठ से दो बजे तक खुल रहे हैं। इनमें मरीजों को मुफ्त में इलाज मिल रहा है। हर सेंटर में 50-70 मरीज रोजाना पहुंच रहे हैं। छितवापुर सेंटर की प्रभारी डॉ. गीतांजलि सिंह के अनुसार, रोजाना 50 से 70 रोगी आ रहे हैं। बच्चों से लेकर महिलाओं तक का इलाज किया जा रहा है।

पीजीआई के ट्रॉमा सेंटर में मार्च तक दोगुने बेड बढ़ेंगे

पीजीआई के एपेक्स ट्रॉमा सेंटर में मार्च तक बेड की संख्या 70 से 150 हो जाएगी। इसमें इमरजेंसी, सामान्य, आईसीयू में बेड बढ़ेंगे। संस्थान ने नर्स, रेजिडेंट भर्ती का विज्ञापन भी जारी कर दिया है। भर्ती पूरी होते बेड बढ़ाकर रोगियों की भर्ती शुरू हो जाएगी। ट्रामा चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश हर्षवर्धन ने बताया कि ट्रामा सेंटर को कोविड हॉस्पिटल बनाया था उस समय 150 बेड क्रियाशील थे।
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