Kushinagar News: यूपी के जनपद कुशीनगर से एक खबर सामने आई है, जहां इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली घटना को अंजाम दिया गया है। यहां बरवापट्टी क्षेत्र में एक गांव के गरीब को अस्पताल से पत्नी और नवजात को घर लाने के लिए अपना दो साल का बेटा का सौदा करना पड़ा। क्षेत्र के एक निजी अस्पताल में नॉर्मल प्रसव के बाद संचालक ने चार हजार रुपए मांगे। तत्काल रुपए नहीं मिलने पर महिला और नवजात को रोक लिया गया। बेबस पिता ने नवजात और पत्नी को अस्पताल से घर लाने के लिए अपने दो साल के बेटे का 20 हजार में सौदा कर दिया। घर पहुंचने पर पत्नी ने जब बेटे को तलाशना शुरू किया तो पति की आंखें छलक उठीं और पूरी बात बताई।
20 हजार में बेटे का सौदा
जानकारी के अनुसार बरवा पट्टी थाना क्षेत्र के दशहवा भेड़िहारी गांव निवासी हरेश पटेल की पत्नी लक्ष्मीना देवी को प्रसव पीड़ा हुई। हरेश उसे लेकर गांव के एक निजी अस्पताल गया, जहां नॉर्मल प्रसव हुआ। शाम को अस्पताल संचालक ने चार हजार रुपए की मांग की। इसी बीच आर्थिक तंगी से परेशान हरेश से एक महिला मिली और उसके पांचवें नंबर के बेटे को गोद देने को कहा। बताया कि बदले में 20 हजार रुपए दिला देगी। पूरी रात परेशान हरेश ने सुबह दो साल के बेटे को 20 हजार रुपए में दे दिया। अस्पताल में चार हजार रुपये चुकाकर वह पत्नी और नवजात को घर ले गया। घर पर छोटा बच्चा नहीं दिखा तो लक्ष्मीना परेशान हो गई। इसके बाद हरेश ने लक्ष्मीना से बेबसी की पीड़ा साझा की।
मजबूर पिता की लाचारी
सौदेबाजों ने पूरी तैयारी के साथ काम किया है। खरीद-फरोख्त की बात साबित न होने पाए इसके लिए स्टांप पेपर हरेश पटेल से अंगूठा लगवाकर गोदनामा लिखवा लिया। साथ ही हिदायत दी कि अगर कोई पूछे तो यही कहना कि बच्चे को गोद दिया है। व में बच्चा बेचने की बात फैली तो एक सिपाही हरेश के घर बाइक से पहुंचा। हरेश ने गांव वालों को बताया कि सिपाही ने बच्चा बेचने के मामले में कार्रवाई की धौंस देकर पांच हजार रुपये ले लिए। सिपाही की इस करतूत की चर्चा भी गांव में हो रही है, मामला संज्ञान में आने के बाद पुलिस अधीक्षक ने सिपाही पर बैठाई जांच।
मामले की जांच के बाद कार्रवाई के निर्देश
बच्चा बेचने की सूचना पर डीएम उमेश मिश्र और पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा मौके पर पहुंच गए। डीएम उमेश मिश्र ने बताया की फर्जी गोदनामे के आधार पर बच्चे को दिया गया था जिसकी जांच के बाद बच्चे को बरामद कर लिया गया है। एसपी उमेश मिश्र ने बताया कि इस पूरे मामले में सीओ तमकुहीराज को प्रकरण की जांच व कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
मामले में दोषियों के मिलेगी सजा
रुपए के अभाव में प्रसूता के परिजनों को परेशान करनेवाले अस्पताल संचालक को गिरफ्तार किया गया है। बच्चा खरीदने वाले और बिचौलिए का काम करने वाले 5 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इस प्रकरण की जांच कराई जा रही है, जो भी इसमें दोषी होगा उसपर सख्त कार्यवाही की जाएगी।जल्द इस प्रकरण में शामिल सभी दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
