Kanpur News: कानपुर महानगर विकास विजन- 2030 के तहत कानपुर को इलेक्ट्रिक वाहन (EV) विनिर्माण का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण (UPSIDA) कानपुर के भीमसेन के निकट नए डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन (DFCC) कॉरिडोर के 500 एकड़ क्षेत्र में एक अत्याधुनिक EV पार्क की स्थापना की जाएगी। समीक्षा बैठक दौरान विभाग के संबंधित अधिकारियों ने बताया कि इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 700 करोड़ रुपये है। उन्होंने बताया कि यह परियोजना पीपीपी मॉडल के तहत विकसित की जाएगी, जो कानपुर को इलेक्ट्रिक वाहन उद्योग में अग्रणी बनाने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी।
भीमसेन में बनेगा 700 करोड़ की लागत से EV पार्क
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के अनुरूप प्रदेश को ईलेक्ट्रिक वाहनों की मैन्युफैक्चरिंग का हब बनाने के उद्देश्य से कानपुर में EV पार्क के निर्माण किया जा रहा है। UPSIDA कानपुर में भीमसेन के पास नए DFCC कॉरिडोर 500 एकड़ क्षेत्र में 700 करोड़ रुपये की लागत से EV पार्क का निर्माण करा रहा है। EV पार्क निर्माण का उद्देश्य इलेक्ट्रिक वाहनों की सप्लाई चेन को स्थानीय स्तर पर मजबूत करना और स्वदेशी मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देना है।
पार्क में इलेक्ट्रिक मोटर, चेसी, स्टील पार्ट्स, और लिथियम-आयन सेल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की स्थापना की जाएगी। इसके अलावा, लिथियम-आयन बैटरी असेंबली इकाई, चार्जर, कंट्रोलर और इलेक्ट्रॉनिक कम्पोनेंट्स के उत्पादन की सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। परियोजना का एक महत्वपूर्ण हिस्सा अनुसंधान और विकास (रिसर्च एंड डेवेलपमेंट) केंद्र होगा, जो इनोवेशन को बढ़ावा देगा और उत्पाद को डेवेलप करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह केंद्र न केवल स्थानीय बल्कि वैश्विक स्तर पर EV तकनीक में प्रगति को गति देगा।
कानपुर महानगर विकास विजन-2030 के तहत बन रहा EV पार्क
कानपुर में EV पार्क का निर्माण न केवल कानपुर को EV मैन्युफैक्चरिंग का हब बनाएगा साथ ही प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी। EV पार्क में एक समर्पित EV सहायक क्लस्टर भी विकसित किया जा रहा है, जो आसपास के क्षेत्र के छोटे और मध्यम उद्यमों को EV के कम्पोनेंट्स के उत्पादन में सहायता प्रदान करेगा। साथ ही ये क्लस्टर स्थानीय उद्यमियों को स्टार्टअप्स के लिए अवसरों का सृजन करेगा, जिससे रोजगार के भी नए अवसर पैदा होंगे। DFCC कॉरिडोर के निकट होने के कारण, यह पार्क लॉजिस्टिक्स और कनेक्टिविटी के मामले में भी लाभकारी होगा। स्ट्रैटेजिक नजरिए से देखें तो यह स्थान रेल और सड़क मार्गों से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है, जिससे कच्चे माल और तैयार उत्पादों का परिवहन सुगम होगा।
शहर के विकास की नई राह
योगी सरकार का यह प्रयास पर्यावरण संरक्षण और टिकाऊ विकास की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। इलेक्ट्रिक वाहनों के उत्पादन को बढ़ावा देकर, यह परियोजना कार्बन उत्सर्जन को कम करने और स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा देगी। कानपुर महानगर विकास विजन 2030 के तहत यह EV पार्क न केवल औद्योगिक प्रगति का प्रतीक बनेगा, बल्कि शहर को वैश्विक EV उद्योग के नक्शे पर एक प्रमुख स्थान दिलाएगा।
