Kanpur News: मंधना-गंगा बैराज ट्रांस गंगा सिटी से होते हुए सरैया क्रासिंग तक 17 किलोमीटर टू-लेन सड़क को फोरलेन बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। भले ही इस फोरलेन के बन जाने से आगे चलकर लोगों को आने-जाने में आसानी हो, लेकिन, फिलहाल यह निमार्णाधीन फोरलेन लोगों की जान पर बनी हुई है। आपको बता दें कि इसके निमार्ण कार्य शुरू होने से लेकर अब तक दो लोगों की जान जा चुकी है। जबकि कई लोग हादसों का शिकार होकर घायल हो चुके हैं। जिसकी वजह जिम्मेदारों द्वारा मानकों को सड़क किनारे कहीं भी रख अपनी मनमर्जी से काम कराना है।
कदम-कदम पर मंडरा रहा खतरा
इस वजह से हालात ऐसे बन गए हैं कि पीडब्ल्यूडी के ठेकेदार ने बिना सुरक्षा इंतजाम के सड़क के दोनों तरफ खोदाई कर डाली है।
इन सड़कों की खुदाई की वजह से सड़कें संकरी हो गई हैं। 24 घंटे गाड़ियों के आवागमन के बीच यहां काम कराया जा रहा है। खुदाई से निकली फुटपाथ की ईंट भी खतरनाक ढंग से सड़क किनारे रख दी हैं। जिम्मेदार की यह कार्यशैली कदम-कदम पर खतरा बनी हुई है।
आपस में टकरा रहीं हैं गाड़ियां
गाजियाबाद की शर्मा कंस्ट्रक्शन कंपनी 90 करोड़ रुपये की लागत से एसएच-173 के 17km टू-लेन सड़क का चौड़ीकरण कराकर फोरलेन बना रही है। इसके निर्माण कार्य में ठेकेदार शुरू से ही लापरवाही बरत रहे हैं। पहले बिजली के खंभे और ट्रांसफार्मर की जगह छोड़ कार्य कराया जा रहा था। लेकिन, जब इसे लेकर सवाल उठाए गए तो बिजली विभाग से शिफ्ट कराया गया। अब सड़क को दोनों किनारे से खोदकर रख दी गई है। जिससे दिन रात तेजी से आने वाली गाड़ियां हादसे का शिकार हो रहे हैं। खुदाई की वजह से सड़कें छोटी हो गई हैं, जिससे की दोनों तरह से आने वाली गाड़ियां आपस में टकरा जाती हैं। कार्य शुरू होने के बाद से अब तक दो लोगों की जान जा चुकी है।
इस वजह से हो रही परेशानी
निर्माण कार्य के दौरान सावधानी नहीं बरतने पर ठेकेदारों को पत्र लिखकर चेतावनी दी गई है। जहां तक बात दोनों तरफ खोदाई की है, उसे जल्द से जल्द पूरा करने का निर्देश दिए गए हैं। आगे का कार्य सड़क के एक किनारे से करने का भी निर्देश दिया है, जिससे आने-जाने वाले वाहन आसानी से निकल सकें। कार्य का निरीक्षण करके वैरिकेडिंग और सुरक्षा के इंतजाम भी कराए जाएंगे।
