जामिया मिलिया इस्लामिया में छात्र संघ चुनाव कराने की मांग को लेकर छात्रों और प्रशासन के बीच जारी गतिरोध और गहरा गया है। विश्वविद्यालय के स्थापना दिवस के अवसर पर प्रदर्शनकारी छात्रों ने प्रशासन द्वारा आयोजित सभी आधिकारिक कार्यक्रमों का पूर्ण बहिष्कार करने का ऐलान किया है। इसके विरोध में छात्र परिसर स्थित गुलिस्तान-ए-गालिब लॉन (गेट नंबर 7) पर एक 'समांतर स्थापना दिवस'मना रहे हैं और सामूहिक भूख हड़ताल की घोषणा की है। गौरतलब है कि गेट नंबर 7 का यह लॉन पिछले कई दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों का अनिश्चितकालीन धरना स्थल बना हुआ है।
'आजादी, लोकतंत्र और प्रतिरोध के आदर्शों' के साथ मनेगा दिन
प्रदर्शनकारी छात्रों के अनुसार, वे विश्वविद्यालय के स्थापना दिवस को 'आजादी, लोकतंत्र, प्रतिरोध और सामाजिक न्याय' के उन मूल आदर्शों को याद करने के लिए मना रहे हैं, जिन पर जामिया की नींव रखी गई थी। छात्र आधिकारिक आयोजनों में जाने के बजाय गेट नंबर 7 पर एकत्र होकर अपने स्तर पर सांस्कृतिक और बौद्धिक कार्यक्रम आयोजित कर रहे हैं। छात्रों ने सुबह 11 बजे से शुरू होने वाले कार्यक्रमों की विस्तृत कार्यसूची जारी की है, जिसमें विभिन्न लोकतांत्रिक अधिकारों पर चर्चा शामिल है। छात्रों ने दोपहर 3:00 बजे एक प्रमुख प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई है, जिसमें वे अपने आंदोलन की अगली रणनीति और सामूहिक भूख हड़ताल से जुड़ी जानकारियों को सार्वजनिक करेंगे।
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चुनाव की निश्चित तारीख न मिलने पर बढ़ा विवाद
उल्लेखनीय है कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने दो दशकों के अंतराल के बाद छात्र संघ चुनाव कराने का आश्वासन दिया था। हालांकि, प्रशासन के आदेश में चुनाव और संविधान निर्माण की कोई निश्चित तारीख न दिए जाने के कारण छात्रों ने इस प्रस्ताव को 'अस्पष्ट' बताते हुए खारिज कर दिया था।
