Tina Dabi on Pak Hindu Migrants: जैसलमेर में पाक हिंदू विस्थापितों को हटाने का मामला तूल पकड़ रहा है। इस मामले को लेकर जैसलमेर कलेक्टर टीना डाबी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की। प्रेस कॉन्फ्रेंस से पहले टीना ने पाक विस्थापितों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। टीना डाबी ने कहा कि इस मामले में सूचना का अभाव रहा, आपसी समझ की भी कमी रही। लेकिन बातचीत में प्रभावितों ने अपनी सहमति जताई है। आपकी मांग पर ध्यान देते हुए आज आदेश निकाल देंगे। जगह चिन्हित कर आपको जगह देने की कोशिश करेंगे।
टीना डाबी ने कहा कि ऐसे पाक विस्थापित जिन्हें नागरिकता मिल चुकी है, उन्हें जगह देने का प्रावधान है और हम काम भी कर रहे हैं। लेकिन जिन्हें नागरिकता नहीं मिली है उनके लिए जगह चिन्हित करने का प्रयास करेंगे। फिलहाल रैन बसेरों में आप की व्यवस्था कर दी जाएगी। आप वापस उन जगहों पर कब्जा नहीं करेंगे, यह आपने सहमति दी है। उसके लिए आपका धन्यवाद।
क्या है मामला?पाकिस्तान में उत्पीड़न से परेशान होकर राजस्थान के जैसलमेर पहुंचे हिंदुओं की मुश्किलों का अंत नहीं हुआ है। यहां अतिक्रमण की कार्रवाई में इनका आशियाना गिरा दिया गया। जिला कलेक्टर टीना डाबी के निर्देश पर अस्थायी बस्तियों के 28 मकानों को अतिक्रमण बताकर प्रशासन ने बुलडोजर से ढहा दिया। इसके बाद से पाकिस्तानी हिंदू प्रवासी जिला कलेक्ट्रेट के बाहर धरना दे रहे थे।
पाकिस्तान से विस्थापित हिंदू जिला मुख्यालय से 4 किमी दूर अमरसागर ग्राम पंचायत क्षेत्र में रह रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि उनके घरों में आग लगा दी गई और प्रशासन के कदम के खिलाफ आंदोलन कर रही महिलाओं को जबरदस्ती प्रदर्शन स्थल से खींच लिया गया। पाक हिंदू प्रवासियों ने कहा कि जब तक उन्हें कहीं और नहीं बसाया जाता, वे धरने से नहीं हटेंगे।
इस कदम का बचाव करते हुए आईएएस टीना डाबी ने कहा था कि कार्रवाई अमरसागर सरपंच और स्थानीय निवासियों से मिली शिकायतों के आधार पर की गई है। शिकायतकर्ताओं ने दावा किया था कि हिंदू प्रवासियों ने कथित रूप से राज्य सरकार शहरी सुधार ट्रस्ट (यूआईटी) से संबंधित भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर लिया है। उन्होंने कहा कि प्रवासियों को जमीन खाली करने के लिए पहले भी नोटिस भी दिया गया था, लेकिन उन्होंने हटने से इनकार कर दिया। अब तक 28 अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं।
