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जबलपुर में AMRUT 2.0 की खुदाई बनी हादसों की वजह, 15 फीट गहरे गड्ढे में जा गिरा बाइक सवार; CCTV में कैद हादसा

मध्य प्रदेश के जबलपुर में अमृत योजना 2.0 के तहत पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़क के गड्ढे में बाइक सवार जा गिरा। इस हादसे का एक वीडियो सामने आया है।

जबलपुर के रांझी थाना क्षेत्र के गोकलपुर इलाके में एक बेहद खौफनाक सड़क हादसा सामने आया है, जिसने नगर निगम की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां तेज रफ्तार से आ रही एक बाइक अचानक अनियंत्रित होकर करीब 15 फीट गहरे गड्ढे में जा गिरी। इस पूरी घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जो हादसे की भयावहता को साफ दिखाता है।

वीडियो में देखा जा सकता है कि बाइक सवार युवक सड़क पर पड़े मिट्टी के ढेर से टकराता है और उछलकर सीधे गहरे गड्ढे में जा गिरता है। वहीं, उसका साथी बाइक से अलग होकर सड़क पर ही जोरदार तरीके से गिरता नजर आता है। इस हादसे में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया।

अमृत योजना 2.0 की खुदाई बनी जी का जंजाल

दरअसल, गोकलपुर और रांझी इलाके में नगर निगम द्वारा अमृत योजना 2.0 के तहत पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कों की खुदाई की जा रही है। लेकिन हैरानी की बात यह है कि इतनी गहरी खुदाई के बावजूद सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए हैं। ना तो मौके पर डायवर्सन बोर्ड लगाए गए हैं और ना ही चेतावनी संकेत, जिससे राहगीरों को सतर्क किया जा सके।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर निगम की लापरवाही के कारण इस तरह के हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। उनका कहना है कि कई जगहों पर 15 से 20 फीट गहरे गड्ढे खुले छोड़ दिए गए हैं, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं।

फिलहाल, पुलिस ने मामले को संज्ञान में लेते हुए लोगों से अपील की है कि ऐसे क्षेत्रों में वाहन धीमी गति से चलाएं और सावधानी बरतें। साथ ही प्रशासन से भी सुरक्षा इंतजाम मजबूत करने की मांग उठने लगी है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

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