Chandigarh Grenade Attack Case: चंडीगढ़ पुलिस और पंजाब पुलिस के काउंटर इंटेलिजेंस विंग ने ज्वाइंट ऑपरेशन में चंडीगढ़ में भाजपा ऑफिस पर हुए ग्रेनेड हमले के मामले में शामिल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से एक हैंड ग्रेनेड और गोला-बारूद बरामद भी किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बलविंदर लाल उर्फ शामी, जसवीर सिंह उर्फ जस्सी, चरणजीत सिंह उर्फ चन्नी, रुबल चौहान और मनदीप उर्फ अभिजोत शर्मा के रूप में हुई है।
फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए छापेमारी जारी
हमले में शामिल दो मुख्य आरोपी, गुरतेज सिंह और अमनप्रीत सिंह, वर्तमान में फरार हैं और उन्हें पकड़ने के लिए पुलिस टीमें छापेमारी कर रही हैं। शुरुआती जांच में खुलासा हुआ है कि यह मॉड्यूल पाक-आईएसआई द्वारा चलाया जा रहा था और पुर्तगाल व जर्मनी में स्थित विदेशी हैंडलर्स के निर्देश पर संचालित हो रहा था।
कई स्तरों पर कटआउट्स और सब-मॉड्यूल
आरोपी एक संगठित नेटवर्क का हिस्सा थे, जिसमें हमले को अंजाम देने के लिए कई स्तरों पर कटआउट्स और सब-मॉड्यूल शामिल थे। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने हैंड ग्रेनेड, हथियार और जिंदा कारतूस से भरी खेप का को रिसीव किया था और इस खेप को अंतिम आरोपियों तक पहुंचाने से पहले कई ऑपरेटिव्स के माध्यम से आगे बढ़ाया गया।
क्या-क्या हुआ बरामद?
पुर्तगाल स्थित हैंडलर बलजोत सिंह उर्फ जोट के निर्देश पर आरोपियों ने हमले को प्लान किया। जांच के दौरान पुलिस टीमों ने एक जिंदा हैंड ग्रेनेड और एक जिगाना .30 बोर पिस्तौल के साथ 10 जिंदा .30 बोर कारतूस बरामद किए हैं। मामले की आगे की जांच जारी है, ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके और सप्लाई चैन का पता लगाया जा सके इसके अलावा मॉड्यूल के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक स्थापित किए जा रहे हैं।
बड़ी आतंकी साजिश हुई नाकाम
पंजाब के डीजीपी गौरव यादव ने कहा कि इस कार्रवाई से क्षेत्र की शांति और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की बड़ी आतंकी साजिश नाकाम हुई है। मामले के मुख्य साजिशकर्ताओं तक पहुंचने के लिए आगे की जांच तेज कर दी गई है। उन्होंने कहा किराज्य और क्षेत्र की सुरक्षा, शांति और भाईचारे को बनाए रखने के लिए वह पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
