क्रिप्टो टैक्स से जुड़ी जरूरी जानकारी: जानिए क्या है नया नियम और नोटिस का मतलब।
Crypto Income Tax Notice: अब आयकर विभाग ने उन लोगों पर नजर रखनी शुरू कर दी है जिन्होंने क्रिप्टोकरेंसी से कमाई तो की, लेकिन अपने ITR (इनकम टैक्स रिटर्न) में उसका जिक्र नहीं किया। अब जो लोग ये सोच रहे थे कि क्रिप्टो से कमाई छिपाई जा सकती है, उन्हें अब ई-मेल के जरिए नोटिस मिलना शुरू हो गया है। ये सब 2023-24 और 2024-25 के लेनदेन से जुड़े हैं। असल में ये हुआ है कि विभाग ने क्रिप्टो लेनदेन के डेटा की अच्छे से जांच-पड़ताल की और जिन लोगों ने इस आय को रिटर्न में नहीं दिखाया, उन्हें अपना रिटर्न अपडेट करने को कह रही है। मतलब अब सरकार क्रिप्टो को भी सीरियसली ले रही है ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
इसलिए यदि आपने भी क्रिप्टो में कुछ इन्वेस्ट किया है और आय हुई है, तो ध्यान रखना कि अगली बार सही-सही डिटेल्स भरनी होंगी। वरना ये ई-मेल कभी भी आपके इनबॉक्स में आ सकता है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) को संदेह है कि कुछ करदाता अघोषित आय का उपयोग कर रहे हैं और उसे क्रिप्टोकरेंसी जैसे वर्चुअल डिजिटल एसेट्स (VDA) में निवेश कर धनशोधन (मनी लॉन्ड्रिंग) कर रहे हैं।
जिन लोगों ने क्रिप्टो से हुई आय का उल्लेख नहीं किया है या गलत जानकारी दी है, उन्हें आयकर विभाग ने ई-मेल भेजकर Updated ITR (अद्यतन आयकर रिटर्न) दाखिल करने को कहा है। इस प्रक्रिया में स्वेच्छा से सुधार करने का अवसर दिया गया है।
सूत्रों के मुताबिक, आयकर विभाग करदाताओं द्वारा दाखिल रिटर्न को क्रिप्टो एक्सचेंज द्वारा जमा टीडीएस विवरण के साथ क्रॉस-वेरिफाई कर रहा है। कई मामलों में अनियमितताएं और कम टैक्स भुगतान सामने आए हैं। विभाग ऐसे मामलों को जांच या सत्यापन के लिए चिह्नित कर सकता है।
सीबीडीटी का यह कदम विभाग की 'पहले करदाता पर भरोसा करें' नीति का हिस्सा है, जिसमें लोगों को पहले स्वेच्छा से सही रिटर्न दाखिल करने का अवसर दिया जाता है, और फिर आवश्यक होने पर कार्रवाई की जाती है।
भाषा इनपुट के साथ